LHC0088 • 2025-12-20 04:07:16 • views 954
सीडीएससीओ हर महीने जारी करता है नकली दवाओं की सूची (फाइल फोटो)
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। देश में दवाओं की गुणवत्ता को लेकर चिंता एक बार फिर बढ़ गई है। केंद्रीय औषधि प्रयोगशालाओं ने नवंबर महीने के ड्रग अलर्ट में विभिन्न कंपनियों के 64 नमूनों को मानकों पर खरा न उतरने वाला पाया है। विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें
इसके अलावा राज्यों की प्रयोगशालाओं ने भी 141 दवाओं को निकृष्ट गुणवत्ता का घोषित किया है। स्वास्थ्य मंत्रालय के अधिकारियों ने गुरुवार को यह जानकारी जारी करते हुए बताया कि यह जांच नियमित निगरानी का हिस्सा है।केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन (सीडीएससीओ) हर महीने अपनी पोर्टल पर गैर-मानक गुणवत्ता (एनएसक्यू) और नकली दवाओं की सूची जारी करता है।
चिंता की नहीं है कोई बात
औषधि प्रयोगशालाओं द्वारा जारी सूची बाजार में उपलब्ध दवाओं पर किए गए नियमित परीक्षण के आधार पर तैयार की जाती है। एनएसक्यू दवा के नमूनों की जांच गुणवत्ता मानकों में विफलता के आधार पर की जाती है। यह विफलता सरकारी प्रयोगशाला द्वारा जांचे गए बैच के दवा उत्पादों तक ही सीमित है और बाजार में उपलब्ध अन्य दवा उत्पादों के बारे में चिंता का कोई कारण नहीं है।
इसके अलावा, नवंबर में गाजियाबाद से दो दवा के नमूनों को नकली पाया गया था, जिन्हें अनधिकृत निर्माताओं द्वारा किसी अन्य कंपनी के स्वामित्व वाले ब्रांड नाम का उपयोग करके बनाया गया था। मामले की जांच चल रही है और अधिनियम और नियमों के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
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