सांकेतिक तस्वीर।
जागरण संवाददाता, हरिद्वार: प्रयागराज के ऐतिहासिक माघ मेले में श्रद्धालुओं को गंगा में पुण्य की डुबकी लाने के लिए पर्याप्त गंगा जल उपलब्ध रहेगा। उत्तर प्रदेश शासन के निर्देश पर हरिद्वार से प्रयागराज तक गंगा जल का पर्याप्त प्रवाह छोड़ा जा रहा है, जिससे संगम तट पर स्नान, दान और ध्यान की परंपरा निर्विघ्न रूप से संपन्न हो सके। विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें
उत्तर प्रदेश शासन की ओर से हरिद्वार खंड सिंचाई विभाग को आदेश प्राप्त हुए हैं कि प्रयागराज माघ मेले की अवधि में न्यूनतम पांच हजार क्यूसेक गंगा जल गंगा नदी में छोड़ा जाए। शासन के इस आदेश के अनुपालन में सिंचाई विभाग ने हरिद्वार में गंगा के पर्याप्त प्रवाह के अनुरूप प्रयागराज के लिए औसतन 9 से 10 हजार क्यूसेक गंगा जल गंगा में प्रवाहित कर रहा है।
वहीं गंगनहर में भी सात से आठ हजार क्यूसेक जल का प्रवाह बनाए रखा है। ताकि पश्चिमी उत्तर प्रदेश सहित दिल्ली एनसीआर में सिंचाई व पेयजल की किल्लत न हो। उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग हरिद्वार खंड के उपखंड अधिकारी (एसडीओ) भारत भूषण ने बताया कि शासन के आदेश से पूर्व गंगा में लगभग चार हजार क्यूसेक जल छोड़ा जा रहा था।
माघ मेले को दृष्टिगत रखते हुए अब यह मात्रा बढ़ाकर औसतन 9 से 10 हजार क्यूसेक कर दी गई है। इससे प्रयागराज में गंगा स्नान के लिए जल की उपलब्धता पूरी तरह पर्याप्त रहेगी। उधर हरिद्वार स्थित भीमगौड़ा बैराज पर इन दिनों लगभग 17 हजार क्यूसेक गंगा जल का प्रवाह दर्ज किया जा रहा है।
यह भी पढ़ें- माघ मेले के दौरान अतिरिक्त 336 बसों का होगा संचालन, श्रद्धालुओं के लिए AC जनरथ बसें भी बेड़े में होंगी शामिल
यह भी पढ़ें- माघ मेले में किसकी लगेगी ड्यूटी? अभी से हो गया तय, पुलिसकर्मियों की लिस्ट होने लगी तैयार |
|