cy520520 • 2025-12-19 21:37:27 • views 1083
सदन की कार्यवाही सोमवार पूर्वाह्न 11:00 तक के लिए स्थगित
राज्य ब्यूरो, जागरण, लखनऊ: विधानमंडल के शीतकालीन सत्र के पहले दिन शुक्रवार को विधान सभा की कार्यवाही कुल 23 मिनट तक चली। विधान सभा में मऊ की घोसी विधान सभा क्षेत्र के सपा विधायक सुधाकर सिंह के निधन पर शोक संवेदना व्यक्त करते हुए सदन की कार्यवाही सोमवार को दिन में 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई। नेता सदन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय तथा सभी दलों के नेताओं ने शोक व्यक्त किया।
सदन की कार्यवाही दिन में 11 बजे शुरू होते ही मुख्यमंत्री व नेता सदन योगी आदित्यनाथ ने विधान सभा के वरिष्ठ सदस्य सुधाकर सिंह के निधन की सूचना देते हुए बताया कि 20 नवंबर को 67 वर्ष की आयु में उनका असमायिक निधन हुआ। वह 1996, 2012 और 2023 के उपचुनाव में निर्वाचित होकर विधान सभा पहुंचे थे। क्षेत्र में लोकप्रिय जननेता थे। उन्होंने अपना पूरा राजनीतिक जीवन गरीबों वंचितो और शोषितों की लड़ाई में लगा दिया। जनता के हितों की लड़ाई में उन्हे कई बार जेल में भी जाना पड़ा था। वह लोकतंत्र सेनानी होने के चलते राजनीतिक बंदी भी रहे। उनके निधन से अपूर्णीय क्षति हुई है।
नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय ने कहा सुधाकर सिंह ने अपने राजनीतिक और सामाजिक जीवन में हमेशा अन्याय के खिलाफ संघर्ष किया। उनके आवास और कार्यालय में हमेशा पीड़ितों और वंचितों की भीड़ लगी रहती थी। वह तीन बार इस सदन के सदस्य रहे। वर्ष 2023 के विधानसभा उपचुनाव में भारी मतों से निर्वाचित हुए थे। उनके निधन से समाजवादी पार्टी और इस सदन को अपूर्णीय क्षति हुई है। विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें
अपना दल एस के रामनिवास वर्मा ने कहा कि वह जमीनी और संघर्षशील नेता थे। विधान सभा में जनता की आवाज थे। उनके निधन से सदन को अपूर्णीय क्षति हुई है। राष्ट्रीय लोकदल के मदन भैया ने कहा कि वह अपने दायित्वों के प्रति हमेशा जागरूक रहे। उनका न रहना इस सदन के लिए अपूर्णीय क्षति है।
सुभासपा के सदस्य बेदी राम ने कहा कि उनका असमायिक निधन सदन के साथ ही प्रदेश के लिए अपूर्णीय क्षति है। निषाद पार्टी के नेता मंत्री संजय निषाद ने कहा कि उनमें राजनीति के साथ समाज सेवा की भावना थीं।
कांग्रेस विधानमंडल दल की नेता आराधना मिश्रा ‘मोना’ ने कहा कि उनके निधन की सूचना दुखद है। लोकतांत्रिक जनसत्ता दल के रघुराज प्रताप सिंह ने उन्हे जुझारू जननेता बताते हुए कहा कि वे हमेशा जनता के हितों के लिए चिंतित रहते थे। बहुजन समाज पार्टी के उमाशंकर सिंह ने कहा कि जब मैं अस्वस्थ था तो वह मुझे देखने कई बार दिल्ली गए।
दलीय नेताओं के बाद विधान सभा अध्यक्ष सतीश महाना ने कहा कि सुधाकर सिंह इस सदन के वरिष्ठ सदस्य थे कुशल राजनीतिक होने के साथ वे कर्मठ समाजसेवी थें। उनके असमायिक निधन से सदन शोकाकुल है। इसी के साथ दो मिनट का मौन रखकर सदन की कार्यवाही सोमवार ग्यारह बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई। |
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