शामली पुलिस लाइन में प्रेसवार्ता के दौरान हत्याकांड़ के राजफाश की जानकारी देते एसपी एनपी सिंह व पीछे पुलिस हिरासत में मौजूद आरोपित। जागरण
जागरण संवाददाता, शामली। विवाहिता की हत्या का राजफाश करते हुए पुलिस ने ससुर और पति को गिरफ्तार कर लिया। ससुर ने विवाहिता से दुष्कर्म किया प्रयास किया था और विरोध के दौरान उसकी हत्या कर दी थी। पति ने साक्ष्य मिटाने का कार्य किया था। पुलिस ने पिता-पुत्र को कोर्ट में पेश किया, जहां से दोनों को जेल भेज दिया गया।
गुरुवार को एसपी एनपी सिंह ने पुलिस लाइन में आयोजित प्रेसवार्ता के दौरान बताया कि कांधला के गांव मलकपुर निवासी शाकिर ने 16 फरवरी को तहरीर देकर अपनी बहन मशकुरा की हत्या का आरोप लगाया था। शाकिर के अनुसार, मशकुरा का निकाह तीन साल पहले इस्सोपुर खुरगान निवासी सलमान के साथ हुआ था। सलमान लुधियाना में सेटरिंग का काम करता था। 15 फरवरी की सुबह मशकुरा का शव घर के कमरे में चारपाई पर मिला था, जिसके गले पर चोट के गहरे निशान थे।
पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जब कड़ियां जोड़ीं, तो परत दर परत सच सामने आने लगा। गुरुवार को पुलिस ने मृतका के ससुर अब्बास उर्फ बासा और पति सलमान को हिरासत में लिया। पुलिस पूछताछ में ससुर अब्बास ने बताया कि उसका बेटा सलमान पंजाब में मजदूरी करता था और घर पर वह अपनी बहू मशकुरा के साथ रहता था। अब्बास का आरोप था कि मशकुरा के गांव मंडावर निवासी जाबिद के साथ अवैध संबंध थे और जाबिद अक्सर घर आता था। इसी बात का फायदा उठाकर अब्बास ने अपनी बहू को डराना शुरू किया।
उसने धमकी दी कि वह यह बात सलमान और मायके वालों को बता देगा। इसी डर की आड़ में ससुर अब्बास ने कई बार मशकुरा के साथ अवैध संबंध बनाने की कोशिश की। 14 फरवरी की शाम जब जाबिद घर से होकर गया, तो रात में अब्बास ने फिर से बहू के साथ दुष्कर्म करने का प्रयास किया, लेकिन महिला ने इसका विरोध किया। इसके बाद ससुर ने अपने बेटे सलमान को फोन किया और मशकुरा के अवैध संबंध की जानकारी दी।
इस दौरान बाप-बेटे ने फोन पर ही मशकुरा की हत्या करने की योजना बनाई और योजना के मुताबिक, अब्बास ने उसी रात मशकुरा का गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। पुलिस ने पुत्र को भी हत्या में शामिल मानते हुए साक्ष्य मिटाने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया। दोनों को कोर्ट में पेश किया गया। जहां से दोनों को जेल भेज दिया गया।
पुलिस को गुमराह करने का फिल्मी तरीका वारदात
आरोपित ससुर ने इसे बंद कमरे में मौत दिखाने का नाटक रचा। उसने शव को चारपाई पर लिटाकर कंबल ओढ़ा दिया और एक लाठी में तार बांधकर बड़ी चालाकी से कमरे का कुंडा अंदर से लगा दिया और खुद बाहर निकल गया। सुबह उसने शोर मचाया कि कमरा अंदर से बंद है। पड़ोसियों और वेल्डिंग मिस्त्री को बुलाकर गेट की जाली कटवाई गई ताकि किसी को शक न हो कि हत्या अंदर मौजूद व्यक्ति ने की है। हालांकि, पुलिस की जांच और सख्ती के आगे आरोपितों का यह ड्रामा नहीं चला। |
|