search
 Forgot password?
 Register now
search

Mithila Heritage: मखाना बना बिहार की शान, झांकी से देश-दुनिया को मिला संदेश

deltin33 5 hour(s) ago views 379
  

गणतंत्र दिवस के गौरवशाली अवसर पर बिहार की झांकी शानदार रही।



डिजिटल डेस्क, दरभंगा। गणतंत्र दिवस के गौरवशाली अवसर पर नई दिल्ली के कर्तव्य पथ पर बिहार की संस्कृति और समृद्धि का अद्भुत नजारा देखने को मिला। बिहार की मखाना आधारित भव्य झांकी जैसे ही सामने आई, पूरा परिसर तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। यह पल हर बिहार के लोगों के लिए स्वाभिमान के लिए ऐतिहासिक और भावुक कर देने वाला रहा।
मिथिला का मखाना है बिहार का ‘सफेद सोना’

झांकी में बिहार के मखाना को ‘सफेद सोना’ के रूप में प्रस्तुत किया गया। मिथिलांचल की समृद्ध विरासत, किसानों की कड़ी मेहनत और पारंपरिक जीवनशैली को बड़े ही सुंदर ढंग से दर्शाया गया। पानी के बीच उगते मखाने के दृश्य और मधुबनी पेंटिंग का संगम यह संदेश दे रहा था कि कैसे बिहार का यह पारंपरिक उत्पाद आज दुनिया तक अपनी पहचान बना चुका है।
किसानों की मेहनत को मिला सम्मान

कर्तव्य पथ पर मखाने की यह प्रस्तुति दर्शकों को भावुक कर गई। बिहार की मिट्टी और पानी से पैदा हुआ यह उत्पाद आज वैश्विक स्तर पर सुपरफूड के रूप में जाना जा रहा है। यह झांकी उन लाखों किसानों के संघर्ष और सफलता की कहानी कहती है, जो अपनी मेहनत से बिहार को आत्मनिर्भर बना रहे हैं। आज बिहार की परंपरा और प्रगति का यह मेल देखकर हर बिहारी का सीना गर्व से चौड़ा हो गया।
झांकी ने दर्शकों का ध्यान आकर्षित किया

बिहार के पारंपरिक सुपरफूड मखाना को केंद्र में रखकर तैयार की गई झांकी ने दर्शकों का ध्यान आकर्षित किया। झांकी का थीम मखाना लोकल से ग्लोबल तक रहा, जिसमें मिथिलांचल के पारंपरिक पोखरों से लेकर अंतरराष्ट्रीय बाजार तक मखाना की यात्रा को प्रभावशाली ढंग से दर्शाया गया।

रक्षा मंत्रालय की ओर से आयोजित भारत पर्व के अंतर्गत शामिल बिहार की इस झांकी में राज्य की सांस्कृतिक विरासत, किसानों की मेहनत और महिला सहभागिता को भी दर्शाया गया। जीआई टैग से मिली वैश्विक पहचान को झांकी के माध्यम से प्रमुखता से प्रस्तुत किया गया।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने झांकी की सराहना करते हुए पहले ही कहा था कि मखाना आत्मनिर्भर बिहार की सशक्त पहचान बन चुका है। यह झांकी दर्शाती है कि परंपरा और नवाचार के संगम से स्थानीय उत्पादों को वैश्विक मंच तक पहुंचाया जा सकता है। वहीं समाज कल्याण मंत्री मदन सहनी ने कहा कि गणतंत्र दिवस की झांकी में मखाना का प्रदर्शन बिहार के लिए गौरव का विषय है।

प्रधानमंत्री द्वारा इसे राष्ट्रीय मंच पर प्रस्तुत किया जाना मखाना को अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाने की दिशा में बड़ा कदम है। बिहार की झांकी ने ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ की भावना को साकार करते हुए देश-दुनिया को यह संदेश दिया कि स्थानीय उत्पाद भी वैश्विक ब्रांड बन सकते हैं।
like (0)
deltin33administrator

Post a reply

loginto write comments
deltin33

He hasn't introduced himself yet.

1510K

Threads

0

Posts

4610K

Credits

administrator

Credits
467521

Get jili slot free 100 online Gambling and more profitable chanced casino at www.deltin51.com