कांग्रेस ने योजना की बहाली और संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए आंदोलन तेज करने की बात कही।
राज्य ब्यूरो, जम्मू। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष तारिक हमीद करा ने आरोप लगाया है कि मनरोगा बचाओ संग्राम के तहत कश्मीर में कांग्रेस को धरने नहीं देने दिए गए। जिला अध्यक्षों को पुलिस ने घरों में ही नजरबंद करके रख दिया। एक बयान में करा ने कहा कि पुलिस रविवार रात से ही कांग्रेस के जिला अध्यक्षकों को विभिन्न तरीकों से प्रताड़ित कर रही थी।
अधिकांश जिलों में उन्हें धरने नहीं देने दिए गए। कुछ जगहों पर जहां कांग्रेस कार्यकर्ताओं को एकत्रित होने दिया, वहां भी धरने नहीं देने दिए। उन्होंने इसे एक स्वस्थ लोकतंत्र के खिलाफ बताया। उन्होंने कहा कि जब-जब कांग्रेस लोगों से जुड़े मुद़्दों को उठाने लगती है, सरकार घबरा जाती है और उनके नेताओं के साथ अच्छा व्यवहार नहीं करती।उन्होने पुलिस के रवैये की कड़ी निंदा की।
मनरेगा बचाओ और हमारी रियासत, हमारा हक को लेकर कांग्रेस ने दिया धरना
कांग्रेस ने जम्मू में मनरेगा बचाओ और हमारी रियासत, हमारा हक के बैनर तले धरना दिया और कहा कि वह ग्रामीण रोजगार योजना में कोई भी बदलाव या जम्मू-कश्मीर के अधिकारों से कोई समझौता नहीं होने देगी।यह विरोध प्रदर्शन प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कार्यकारी अध्यक्ष और पूर्व मंत्री रमन भल्ला और पूर्व मंत्री योगेश साहनी के नेतृत्व में हुआ।
भल्ला ने आरोप लगाया कि महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोज़गार गारंटी अधिनियम जो सबसे गरीब वर्गों को काम और आर्थिक सुरक्षा प्रदान करने के लिए है, को व्यवस्थित रूप से कमजोर किया जा रहा है।उन्होंने यहां पत्रकारों से कहा कि मनरेगा बचाओ और हमारी रियासत, हमारा हक लोगों की आजीविका और संवैधानिक अधिकारों के लिए लड़ाई है। कांग्रेस मनरेगा को कमजोर नहीं होने देगी और न ही जम्मू-कश्मीर के अधिकारों से कोई समझौता करेगी।
उन्होंने कहा कि मजदूरी के भुगतान में देरी, काम के दिनों में कमी और पारदर्शिता की कमी ने ग्रामीण परिवारों को बुरी तरह प्रभावित किया है। उन्होंने कहा कि पार्टी तब तक अपना आंदोलन तेज करेगी जब तक सरकार इस योजना को उसकी मूल भावना के साथ बहाल नहीं कर देती और समय पर भुगतान और पर्याप्त रोजगार सुनिश्चित नहीं करती।भल्ला ने यह भी कहा कि कांग्रेस संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की कीमत पर शक्तियों के केंद्रीकरण के किसी भी प्रयास का विरोध करती है।
उन्होंने दावा किया कि जम्मू-कश्मीर को पूरे अधिकार न दिए जाने से बड़े पैमाने पर असंतोष फैला है और कहा कि पार्टी उन नीतियों के खिलाफ जनमत जुटाने के लिए जन आंदोलन जारी रखेगी जिन्हें उन्होंने जनविरोधी नीतियां कहा। साहनी ने कहा कि हमारी रियासत, हमारा हक अभियान जम्मू और कश्मीर के लोगों के संवैधानिक अधिकारों और लोकतांत्रिक गरिमा के लिए एक संघर्ष है।
संघीय सिद्धांतों के कमजोर होने का आरोप लगाते हुएए उन्होंने कहा कि कांग्रेस शांतिपूर्ण लोकतांत्रिक विरोध प्रदर्शनों के माध्यम से इस आंदोलन को समाज के हर वर्ग तक ले जाएगी। |
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