हाई कोर्ट ने जेपीएससी को जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है।
राज्य ब्यूरो,रांची। हाई कोर्ट में झारखंड सिविल सर्विस संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा में दिव्यांग आरक्षण का लाभ नहीं दिए जाने को लेकर दायर याचिका पर सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान जस्टिस आनंद सेन की अदालत ने जेपीएससी को जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है।
इस संबंध में विकास साव की ओर से याचिका दाखिल की गई है। मामले की अगली सुनवाई दो सप्ताह बाद होगी। सुनवाई के दौरान प्रार्थी की ओर से अदालत को बताया कि वह दृष्टिबाधित (नेत्रहीन) है। उन्हें दिव्यांग आरक्षण का लाभ मिलना चाहिए था।
आरक्षण का कोटा रिक्त रहने के बावजूद नहीं दिया गया लाभ
आरक्षण का कोटा रिक्त रहने के बावजूद उन्हें इसका लाभ नहीं दिया गया, जिसके कारण उनका अंतिम चयन नहीं हो सका। यह न केवल गलत है, बल्कि संवैधानिक प्रविधानों के भी विरुद्ध है। आयोग को निर्देश दिया जाए कि प्रार्थी का चयन अंतिम रूप से किया जाए।
वहीं आयोग की ओर से अधिवक्ता प्रिंस कुमार ने अदालत को बताया कि अभ्यर्थी द्वारा आयोग में प्रस्तुत किया गया दिव्यांगता प्रमाण पत्र निर्धारित प्रपत्र में नहीं था, इसी कारण उन्हें आरक्षण का लाभ नहीं दिया जा सका।
इस पर अदालत ने आयोग को शपथ पत्र के माध्यम से अपना जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है। |