संवाद सूत्र, देसही देवरिया (देवरिया)। फर्म का बकाया करीब 80 हजार रुपये का भुगतान करने के एवज में रिश्वत मांगना वीडीओ (ग्राम विकास अधिकारी) जयनारायण सिंह को महंगा पड़ गया। एंटी करप्शन टीम ने फर्म स्वामी की शिकायत पर बुधवार को दोपहर करीब 2.35 बजे पकड़ी वीरभद्र ग्राम के पंचायत भवन से 24 हजार रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथ दबोच लिया। टीम में शामिल निरीक्षक शिव मनोहर यादव की तहरीर पर महुआडीह थाने में मुकदमा दर्ज हुआ।
कुशीनगर जिले के कसया थानाक्षेत्र के परसौनी के रहने वाले सतीश मणि पुत्र राजाराम का एसके ट्रेडर्स के नाम से फर्म है। उनकी फर्म ने देसही देवरिया विकासखंड के ग्राम सभा मुंडेरा इमिलिया में इंडिया मार्क टू हैंडपंपों का रिबोर व नाली बनवाया था। साथ ही कूड़ाघर का मरम्मत कराया था। जिस पर आए करीब 80 हजार रुपये का भुगतान लटका था।
आरोप है कि ग्राम विकास अधिकारी ने भुगतान के लिए 40 प्रतिशत यानी 32 हजार रुपये रिश्वत की मांग की थी। वह बार-बार दौड़ा रहे थे। मान मनौव्वल के बाद वह 30 प्रतिशत यानी 24 हजार रुपये दिए जाने पर भुगतान करने को राजी हुए। फर्म स्वामी ने एक सप्ताह पहले रिश्वत मांगने की शिकायत एंटी करप्शन टीम गोरखपुर से की।
टीम ने मामले की गोपनीय जांच कराई तो आरोप सही पाए गए। इसके बाद दोपहर में एंटी करप्शन टीम के प्रभारी निरीक्षक अनिल सिंह, निरीक्षक राम बहादुर पाल व निरीक्षक शिव मनोहर यादव व अन्य ग्राम पंचायत पकड़ी वीरभद्र गांव पहुंचे। फर्म स्वामी सतीश मणि ने जैसे ही रुपये वीडीओ को पकड़ाया, टीम ने दबोच लिया। उन्हें लेकर महुआडीह थाने आई।
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