दिल्ली में पुलिस और सरकारी अधिकारियों पर पथराव और बवाल की संवेदनशील घटनाओं का कालक्रम। जागरण आर्काइव
जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। दिल्ली में पिछले कुछ वर्षों में कई ऐसे संवेदनशील मौके आए हैं जब पुलिस और सरकारी अधिकारियों पर पथराव और बवाल की घटनाएं हुई हैं। इनमें से अधिकतर घटनाएं नागरिकता संशोधन कानून के विरोध, अतिक्रमण हटाओ अभियान या धार्मिक जुलूसों के दौरान हुई हैं।
1. सीलमपुर और जाफराबाद हिंसा (17 दिसंबर 2019): सीएए के खिलाफ विरोध प्रदर्शन के दौरान सीलमपुर और जाफराबाद इलाकों में भारी बवाल हुआ। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पथराव किया, पुलिस चौकियों को नुकसान पहुंचाया और बसों में तोड़फोड़ की। इस दौरान 12 से अधिक पुलिसकर्मी घायल हुए थे। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े थे।
2. जामिया नगर हिंसा (15-30 दिसंबर 2019): जामिया मिलिया इस्लामिया के पास प्रदर्शन हिंसक हो गया था। प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच तीखी झड़पें हुईं। पुलिस पर पथराव किया गया और कई वाहनों को आग के हवाले कर दिया गया था। इसके जवाब में पुलिस कैंपस के अंदर दाखिल हुई थी, जिस पर काफी विवाद भी हुआ था।
3. उत्तर-पूर्वी दिल्ली दंगे (23-26 फरवरी 2020): जाफराबाद, मौजपुर, चांद बाग, भजनपुरा, शिव विहार और मुस्तफाबाद में भीषण दंगे हुए। 24 फरवरी को चांद बाग और गोकुलपुरी इलाके में पुलिस पर भारी पथराव हुआ। इस दौरान हेड कांस्टेबल रतन लाल की हत्या कर दी गई और डीसीपी अमित शर्मा गंभीर रूप से घायल हुए थे। उपद्रवियों ने घरों, दुकानों और पेट्रोल पंपों को आग लगा दी थी। इन दंगों में कुल 53 लोगों की जान गई थी।
4. जहांगीरपुरी हिंसा (16 अप्रैल 2022): हनुमान जयंती के मौके पर शोभायात्रा के दौरान जमकर बवाल हुआ था।जहांगीरपुरी के सी-ब्लॉक में दो समुदायों के बीच झड़प हुई, जिसके बाद पुलिस पर भारी पथराव और कांच की बोतलें फेंकी गईं। इस हिंसा में आठ पुलिसकर्मी और एक नागरिक घायल हुए थे। एक सब-इंस्पेक्टर को गोली भी लगी थी।
5. जहांगीरपुरी अतिक्रमण विरोधी अभियान (20 अप्रैल 2022): उत्तरी दिल्ली नगर निगम के कर्मी बुलडोजर लेकर अवैध अतिक्रमण हटाने पहुंचे थे। तभी कार्रवाई के दौरान स्थानीय लोगों ने विरोध किया और सुरक्षा में तैनात पुलिस बल पर छतों से छिटपुट पथराव शुरू हो गई। भारी सुरक्षा बल के कारण स्थिति को तुरंत संभाल लिया गया था।
6. तुर्कमान गेट (सात जनवरी 2026): फैज-ए-इलाही मस्जिद के पास अवैध निर्माण गिराने की कार्रवाई की गई। दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश पर एमसीडी की टीम जब मस्जिद के पास अतिक्रमण हटाने पहुंची, तब स्थानीय लोगों ने भारी पथराव शुरू कर दिया। इस घटना में पांच पुलिसकर्मी घायल हो गए। पुलिस को भीड़ हटाने के लिए आंसू गैस का इस्तेमाल करना पड़ा।
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