तस्वीर का इस्तेमाल प्रतीकात्मक प्रस्तुतीकरण के लिए किया गया है। जागरण
जागरण संवाददाता, गोरखपुर। शादी समारोह के दौरान आठ वर्षीय मासूम के साथ हुई दरिंदगी के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। आरोपित युवक अशोक निषाद की मां सुनीता देवी को सोमवार की सुबह गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
मां पर आरोप है कि उसने दुष्कर्म के आरोपित बेटे के खून से लथपथ कपड़े धोकर सबूत मिटाने की कोशिश की और वारदात के बाद उसे छिपाने का भी प्रयास किया। पीड़ित बच्ची का मेडिकल कालेज में इलाज जारी है और उसकी हालत अब भी नाजुक बनी हुई है।
शुक्रवार को सिद्धार्थनगर जिले की रहने वाली आठ वर्षीय बच्ची अपने दादा-दादी के साथ पीपीगंज क्षेत्र में रहने वाले रिश्तेदार के घर शादी समारोह में शामिल होने आई थी। रात करीब 12 बजे जब परिजन जयमाल के कार्यक्रम में व्यस्त थे, आरोपित अशोक निषाद उर्फ नाटे बच्ची को बहला-फुसलाकर समारोह स्थल से करीब दो सौ मीटर दूर बाग में ले गया और उसके साथ दुष्कर्म किया।
इसके बाद वह बच्ची को बेहोशी की हालत में वहीं छोड़कर फरार हो गया। बाद में परिजनों ने बच्ची को खून से लथपथ अवस्था में ढूंढ निकाला। पुलिस जांच में सामने आया कि घटना के बाद जब आरोपित अपने घर पहुंचा, तो उसकी मां सुनीता देवी ने न सिर्फ उसके खून से लथपथ कपड़ों को धोया, बल्कि उन्हें छुपाने में भी मदद की।
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पुलिस को जब इस बात की जानकारी हुई तो उसने आरोपित की मां के विरुद्ध भी मुकदमा दर्ज कर लिया। पुलिस के मुताबिक, सुनीता देवी पर सबूत मिटाने और आरोपित को बचाने में सहयोग करने का आरोप है। इधर, दुष्कर्म पीड़ित बच्ची का बीआरडी मेडिकल कालेज में उपचार चल रहा है।
डॉक्टरों के मुताबिक वह गहन चिकित्सा इकाई में भर्ती है। उसे शारीरिक और मानसिक दोनों तरह से गहरा आघात पहुंचा है। एसपी उत्तरी ज्ञानेंद्र कुमार ने बताया कि पीड़ित बच्ची के दादा की तहरीर पर पीपीगंज पुलिस ने पहले आरोपित अशोक निषाद को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। सोमवार को अारोपित की मां सुनीता देवी को भी गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।  |