सिगरेट के दाम बढ़ा सकती हैं कंपनियां
नई दिल्ली। 1 फरवरी से सिगरेट और तंबाकू पदार्थों (Cigarette Price Hikes) पर नए कर लागू होने के बाद अब कंपनीज टैक्स का यह बोझ उपभोक्ताओं पर डालने की तैयारी कर रही हैं। ऐसी खबरें हैं कि टौबेको प्रोडक्ट्स बनाने वाली कंपनीज सिगरेट के दामों में बढ़ोतरी कर सकती हैं। इस खबर के चलते आईटीसी और गॉडफ्रे फिलिप्स के शेयरों में अच्छी तेजी देखने को मिल रही है।
सीएनबीसी आवाज़ की रिपोर्ट के अनुसार,सिगरेट निर्माता कंपनियों ने एक्साइज ड्यूटी में वृद्धि के प्रभाव को कम करने के लिए कीमतों में भारी बढ़ोतरी की है, जिसके परिणामस्वरूप प्रति सिगरेट लाभ (ईबीआईटी) में वृद्धि हुई है। हालांकि, जागरण बिजनेस इस रिपोर्ट की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं करता है।
कितनी महंगी हुई सिगरेट?
रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि गॉडफ्रे फिलिप्स इंडिया ने मार्लबोरो कॉम्पैक्ट की कीमत 9.5 रुपये प्रति सिगरेट से बढ़ाकर 11.5 रुपये प्रति सिगरेट कर दी है। एक अनुमान के अनुसार, सिगरेट के दाम बढ़ने के बाद आईटीसी के लगभग 50 प्रतिशत उत्पादों की कीमतों में उम्मीद से अधिक वृद्धि हो सकती है। रिपोर्ट के मुताबिक, दोनों कंपनियां 74 मिमी श्रेणी में नए उत्पाद लॉन्च करने वाली हैं जिनकी कीमतों में भारी वृद्धि होगी।
रिपोर्ट में बी एंड के सिक्योरिटीज के हवाले से कहा गया है कि कीमतों में वृद्धि से बिक्री पर मामूली असर पड़ सकता है, लेकिन कुल मुनाफे में गिरावट को कम किया जा सकता है।
एनडीटीवी प्रॉफिट के अनुसार,
- आईटीसी के गोल्ड फ्लेक और क्लासिक (प्रीमियम) की कीमतों में 41 प्रतिशत
- क्लासिक कनेक्ट (स्लिम) की कीमतों में 20 प्रतिशत
- गोल्ड फ्लेक सुपरस्टार (वैल्यू) की कीमतों में लगभग 19 प्रतिशत की बढ़ोतरी
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बता दें कि सरकार ने सिगरेट और अन्य तंबाकू उत्पादों पर 40 प्रतिशत जीएसटी के अतिरिक्त उत्पाद शुल्क लग गया है। वित्त मंत्रालय ने अधिसूचित किया है कि सिगरेट की लंबाई के आधार पर प्रति 1,000 स्टिक पर 2,050 रुपये से 8,500 रुपये तक का उत्पाद शुल्क 1 फरवरी से प्रभावी हो गया है। |
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