रेहड़ी पटरी हटाने के विरोध में चांदनी चौक में टाउन हॉल से जैन मंदिर तक विरोध मार्च करते व्यापारी। जागरण
जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। पुरानी दिल्ली के थोक बाजारों में अवैध रेहड़ी-पटरी वालों के कब्जों के साथ ही अन्य समस्याओं को लेकर व्यापारियों ने टाउन हाल से लाल जैन मंदिर तक विरोध मार्च निकाला।
जिसमें 100 से अधिक कारोबारी संगठनों के पदाधिकारी शामिल हुए। इसी तरह, व्यापारी तथा स्थानीय निवासी भी विरोध मार्च में जुड़े। सभी ने एकजुटता से बाजारों में हुए अवैध अतिक्रमण के विरूद्ध ठोस कार्रवाई की मांग की।
विरोध मार्च में चांदनी चौक, खारी बावली, सदर बाजार, भागीरथ पैलेस, कूचा महाजनी, नया बाजार, चावड़ी बाजार, हौजकाजी, मोरी गेट समेत अन्य बाजारों के कारोबारी संगठनों के पदाधिकारी भी शामिल रहे।
इसके पूर्व व्यापारियों ने इस तरह का विरोध मार्च चार फरवरी को सदर बाजार में भी निकाला था।
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MCD ओर दिल्ली पुलिस की मिलीभगत से बढ़ी समस्या
दिल्ली व्यापार महासंघ के अध्यक्ष देवराज बवेजा ने कहा कि एमसीडी व दिल्ली पुलिस कर्मियों के साथ ही जनप्रतिनिधियों की मिलीभगत से पुरानी दिल्ली के बाजारों में अतिक्रमण की समस्या विकराल होती जा रही है।
दिल्ली हिंदुस्तानी मर्केंटाइल एसोसिएशन (डीएचएमए) के महासचिव श्रीभगवान बंसल ने कहा कि चांदनी चौक मुख्य मार्ग को बड़े दावे-वादों के साथ मोटर वाहन मुक्त घोषित किया गया था, उस वक्त ही व्यापारियों ने अंदेशा जताया था कि खाली सड़क, फुटपाथ और सेंट्रल वर्ज पर रेहड़ी- पटरी वालों का कब्जा हो जाएगा। वहीं हुआ। आज स्थिति पहले से भी बदतर स्थिति में आ गई है।
दिल्ली व्यापार महासंघ के उपाध्यक्ष राजेंद्र कपूर ने बताया कि अतिक्रमण के विरूद्ध उपराज्यपाल तथा दिल्ली पुलिस व एमसीडी आयुक्त को पत्र लिखकर ठोस कार्रवाई की मांग की जाएगी। फिर भी इस माेर्चे पर राहत नहीं मिलती तो अन्य बाजारों में भी विरोध मार्च के माध्यम से आक्रोश जताने की तैयारी है।
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