ठगी की जानकारी देते हुए पीड़ित।
जागरण संवाददाता, गुरदासपुर। गुरदासपुर के अंतर्गत आते गांव कोट मीयां साहिब में एक नौसरबाज महिला द्वारा सरपंच और फोटो स्टेट दुकानदार को इलेक्ट्रॉनिक ऑफिसर (ईओ) बनकर ठगी का शिकार बनाने का मामला सामने आया है। आरोपित महिला ने खुद को ईओ कुलविंदर कौर बताकर सरकारी स्कूल में बच्चों को बूट और यूनिफॉर्म वितरण का हवाला देते हुए सरपंच को जाल में फंसाया और बाद में दुकानदार से गूगल-पे के माध्यम से रुपये ठग लिए।
मौजूदा सरपंच सतिंदरजीत सिंह के अनुसार, शनिवार को उनके फोन पर एक महिला का कॉल आया जिसने कहा कि वह ईओ कुलविंदर कौर है और गांव के सरकारी स्कूल में विद्यार्थियों को वर्दियां वितरित कर रही है। उसने सरपंच से सहयोग करने के लिए कहा और बताया कि बच्चों के पेपरों की पीडीएफ फाइल है, जिसे प्रिंट करवाने की जरूरत है ताकि पेपर लीक न हों। इस पर सरपंच ने गांव के फोटो स्टेट कारोबारी रमेश कुमार का नंबर उसे दे दिया।
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पीडीएफ फाइल निकालने के बाहने संपर्क किया
इसके बाद ठग महिला ने रमेश कुमार से संपर्क किया और उन्हें पीडीएफ फाइल निकालने के लिए कहा। साथ ही उनके नंबर पर एक स्कैनर भेजकर कहा कि उसका ड्राइवर कैश लेकर आ रहा है, इसलिए पहले स्कैनर पर 3860 रुपये डाल दें। भरोसा करते हुए रमेश कुमार ने ठग द्वारा भेजे गए क्यूआर स्कैनर पर पैसे भेज दिए, लेकिन कुछ देर बाद भी कोई व्यक्ति भुगतान करने नहीं पहुंचा।
जब रमेश कुमार ने महिला को फोन किया तो उसने कॉल उठाना बंद कर दिया। स्थिति संदिग्ध लगने पर उन्होंने सरपंच को सूचना दी और दोनों ने मिलकर थाना कलानौर में शिकायत दर्ज करवाई।
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अमृतसर से निकला संपर्क
पुलिस जांच में सामने आया कि जिस स्कैनर पर रकम भेजी गई, वह अमृतसर के एक पेट्रोल पंप पर कृष्ण नामक व्यक्ति के नाम से रजिस्टर्ड है। फिलहाल ठग महिला फरार है और पुलिस तकनीकी जांच के आधार पर आरोपित तक पहुंचने की कोशिश कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही आरोपी की पहचान कर उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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