तिल-गुड़ की खुशबू से महक रहा खलारी, मकर संक्रांति का तैयार बाजार
संवाद सूत्र, खलारी। मकर संक्रांति का पावन पर्व इस वर्ष 15 जनवरी, गुरुवार को मनाया जाएगा। पर्व को लेकर खलारी में उत्सव का माहौल बनने लगा है। बाजारों में तिलकुट की सोंधी खुशबू वातावरण में घुलने लगी है और मकर संक्रांति की मिठास चारों ओर फैल गई है। खलारी कोयलांचल में तिलकुट, तिल पापड़ी, रेवड़ी, गजक, तिल लड्डू आदि की दुकानें सज चुकी हैं।
कारीगर दिन-रात चीनी और गुड़ से निर्मित तिलकुट, खोया तिलकुट, तिल पापड़ी और रेवड़ी तैयार करने में जुटे हैं। क्षेत्र के प्रमुख बाजार केडी, डकरा, राय, लपरा, धमधमिया, करकट्टा समेत अन्य स्थानों पर तिलकुट की जमकर बिक्री हो रही है। इसके अलावा होटलों और राशन दुकानों में भी तिलकुट की विभिन्न वैरायटी उपलब्ध कराई जा रही है।
स्थानीय उत्पाद के साथ-साथ बाहर से मंगवाए गए तिलकुट की भी बिक्री की जा रही है। इस वर्ष भी तिलकुट पर महंगाई का असर नहीं दिख रहा है।
दुकानदारों के अनुसार चीनी, गुड़, तिल और दूध के दामों में खास बढ़ोतरी नहीं होने के कारण तिलकुट के दाम पिछले वर्ष के समान ही बने हुए हैं। बाजार में तिलकुट 200 रुपए से लेकर 500 रुपए प्रति किलो तक बिक रहा है। खुशबू तिलकुट भंडार के संचालक मनोजप्रसाद केशरी ने बताया कि तिल लड्डू 300 रुपए प्रति किलो, चीनी से निर्मित तिलकुट 260 रुपए, गुड़ तिलकुट 280 रुपए, तिल पापड़ी और गजक 300 रुपए, रेवड़ी 120 रुपए पैकेट, खोया तिलकुट 500 रुपए प्रति किलो तथा लाई 25 रुपए प्रति पैकेट की दर से बिक्री की जा रही है।
दुकानदारों और थोक विक्रेताओं ने उम्मीद जताई है कि इस वर्ष अच्छी बिक्री होगी, क्योंकि प्रखंड क्षेत्र में चीनी, गुड़ और तिल की खपत पिछले वर्ष की तुलना में अधिक हो रही है।
15 जनवरी को मनाई जाएगी मकर संक्रांति
पहाड़ी मंदिर खलारी के पुजारी बृजराज दुबे और खलारी बाजारटांड़ शिव मंदिर के पुजारी संतोषकुमार मिश्रा ने बताया कि इस वर्ष मकर संक्रांति 15 जनवरी, गुरुवार को मनाई जाएगी। 14 जनवरी, बुधवार की रात 9 बजकर 19 मिनट पर सूर्य मकर राशि में प्रवेश करेंगे, जिसके साथ ही सूर्य उत्तरायण होंगे और खरमास का समापन होगा।
15 जनवरी को दोपहर 1 बजकर 03 मिनट तक पुण्यकाल का मुहूर्त रहेगा, इसलिए इसी दिन स्नान, दान और अन्य धार्मिक कार्य किए जाएंगे। |