इस वर्ष सहकारिता विभाग की सात नई योजनाएं होंगी लागू
दीनानाथ साहनी, पटना। सहकारिता विभाग के माध्यम से सात नई योजनाएं शुरू की जाएंगी। इसमें मेगा फूड पार्क, प्रोसेसिंग यूनिट, पाली हाउस, पैकेजिंग हाउस, डिहाइड्रेशन यूनिट, हल्दी प्रसंस्करण यूनिट, टमाटर प्रसंस्करण यूनिट जैसी योजनाएं प्रस्तावित हैं। विभाग द्वारा संबंधित योजनाओं पर स्वीकृति के लिए प्रस्ताव मंत्रिमंडल को यथाशीघ्र भेजा जाएगा। नई योजनाओं को लागू करने को लेकर वित्त विभाग से सहमति मिल गई है। कैबिनेट से स्वीकृति मिलते ही योजनाएं प्रभावी हो जाएंगी।
खेत से बाजार तक एक मजबूत श्रृंखला बनाने पर फोकस
सहकारिता विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि राज्य में छोटे-छोटे किसानों को आर्थिक रूप से सबल बनाने के लिए कार्य योजना को अंतिम रूप दिया जा रहा है। प्रस्तावित योजनाओं को लागू कराने में नये वित्तीय वर्ष के बजट में राशि का प्रविधान किया जाएगा। मेगा फूड पार्क योजना में खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय से मदद ली जाएगी।
इसका उद्देश्य किसानों, प्रोसेसरों और खुदरा विक्रेताओं को जोड़कर खेत से बाजार तक एक मजबूत आपूर्ति श्रृंखला बनाना है, जिससे कृषि उत्पादों का सही मूल्य सुनिश्चित हो, बर्बादी कम हो और ग्रामीण रोजगार बढ़े। इससे किसानों की भी आय बढ़ेगी। विशेषकर ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर पैदा होंगे।
मेगा फूड पार्क हेतु सहकारिता विभाग द्वारा बुनियादी ढांचा जैसे औद्योगिक भूखंडों, कोल्ड चेन और अन्य सुविधाओं का विकास किया जाएगा।
हर जिले में पाली हाउस का होगा निर्माण
पाली हाउस योजना के तहत हर जिले में इसका निर्माण कराया जाएगा। इसकी सुविधा छोटे-छोटे किसानों को दी जाएगी, ताकि उच्च गुणवत्ता वाली सब्जियां और अन्य कृषि उत्पाद उगाई जा सके। इससे बेमौसमी खेती संभव हो सकेगी और पैदावार सामान्य खेती से 2-3 गुना ज्यादा होगी। पाली हाउस में किसानों को आधुनिक तकनीक से जैविक खेती करने के लिए प्रोत्साहन दिया जाएगा और प्रशिक्षण भी।
पाली हाउस का उद्देश्य छोटे किसानों के लिए फायदेमंद बनाना है। पाली हाउस में साल भर टमाटर, शिमला मिर्च, खीरा, फूलगोभी जैसी फसलें उगाई जा सकेंगी, जो रसायन-मुक्त और उच्च गुणवत्ता वाली उपज मिलती है, जिससे बाजार में किसानों को अच्छा दाम मिलेगा।
डिहाइड्रेशन यूनिट में लंबे समय तक सुरक्षित रहेंगी सब्जियां
प्रस्तावित डिहाइड्रेशन यूनिट बनाने का उद्देश्य फल, सब्जियां और अन्य खाद्य सामग्री से नमी हटाकर उन्हें लंबे समय तक सुरक्षित रखना और खराब होने से बचाना है। इस योजना का क्रियान्वयन सहकारिता विभाग ने बिहार राज्य सब्जी प्रसंस्करण एवं विपणन योजना (वेजफेड) के माध्यम से कराने का निर्णय लिया है।
वेजफेड के एक अधिकारी ने बताया कि विभाग की प्रस्तावित योजनाएं छोटे-छोटे किसानों के हित में होंगी। डिहाइड्रेशन यूनिट, जिसे निर्जलीकरण इकाई कहा जाता है, एक ऐसा उपकरण है जो किसी पदार्थ से नमी को हटाता है, ताकि उसे संरक्षित किया जा सके या उसकी गुणवत्ता बढ़ायी जा सके। |
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