जागरण संवाददाता, सिद्धार्थनगर। भारत-नेपाल सीमा पर बिना वैध दस्तावेज के पकड़ी गई उज्बेकिस्तान की महिला जर्निगोर तुखताबोएवा ने एक जनवरी को दीवार पर सिर पटककर जान देने की कोशिश की थी। तुखताबोएवा को 28 दिसंबर को बढ़नी सीमा पर सशस्त्र सीमा बल के जवानों ने पकड़कर पुलिस के हवाले किया था।
गिरफ्तारी के बाद जेल पहुंचने पर तुखताबोएवा ने दीवार पर सिर पटककर खुद को जख्मी कर लिया था। रविवार को भी उसकी हालत में कोई सुधार नहीं दिखा। स्थिति बिगड़ने के बाद जेल प्रशासन ने उसे मेडिकल कालेज में भर्ती कराया। मनोरोग विभाग के सहायक आचार्य डा. पीयूष शुक्ला ने बताया कि महिला अवसाद में है।
उसकी भाषा समझ में न आने के कारण उपचार में परेशानी हो रही है। उज्बेकिस्तान से एमबीबीएस करने वाले इंटर्न डाक्टर से भी महिला की वार्ता कराई गई है। जेल अधीक्षक सचिन वर्मा ने बताया कि महिला ने दीवार पर सिर लड़ाने के बाद शारीरिक रूप से खुद को हानि पहुंचाने का प्रयास किया था। |
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