पटाखा विस्फोट मामले में फारेंसिक व वाराणसी से जांच के लिए विस्फोटक विशेषज्ञ की टीम पहुंची।
जागरण संवाददाता, गाजीपुर। गाजीपुर सिटी रेलवे स्टेशन के सर्कुलेटिंग एरिया में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब ई-रिक्शा स्टैंड के पास आतिशबाजी में प्रयोग होने वाला एक पटाखा (सुतली बम) ई-रिक्शा चालक के पैर के नीचे दबकर फट गया। हादसे में ई-रिक्शा चालक राइनी कॉलोनी निवासी नूरे इस्लाम के दाहिने पैर का पंजा गंभीर रूप से जख्मी हो गया। स्थानीय नागरिकों की मदद से उसे तत्काल अस्पताल भेजा गया।
जीआरपी गाजीपुर सिटी, कोतवाली पुलिस, क्षेत्राधिकारी सदर तथा फारेंसिक टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने यात्रियों से भ्रम न फैलाने की अपील की।
बाद में जांच के लिए वाराणसी से बम पहचान एवं निरोधक दस्ता (बीडीडीएस) की टीम पहुंची और सैंपल को एकत्र किया।इस घटना के बाद कुछ देर के लिए स्टेशन पर अफरा-तफरी का माहौल हो गया।
बांद्रा से गाजीपुर आने वाली एक्सप्रेस ट्रेन मंगलवार की सुबह करीब सात बजे स्टेशन पर पहुंची। यात्रियों को बैठाने के लिए नूरे इस्लाम अपनी ई-रिक्शा लेकर स्टेशन के सर्कुलेटिंग एरिया में पहुंचा। जहां वह ई-रिक्शा खड़ा किया था, वहीं एक प्लास्टिक में कुछ विस्फोटक रखा हुआ था।
स्थानीय लोगों के अनुसार उस प्लास्टिक को एक कुत्ते ने वहां लाकर छोड़ दिया था। नूरे इस्लाम यह जानने के लिए कि प्लास्टिक में क्या है उसे दाहिने पैर से दबाने लगा। तभी अचानक तेज आवाज के साथ विस्फोट हुआ। इससे नूरे इस्लाम लहूलुहान हो गया और मौके पर अफरा-तफरी मच गई और सभी इधर-उधर भागने लगे।
स्थानीय लोगों की मदद से नूरे इस्लाम को तत्काल राजकीय मेडिकल कॉलेज के जिला अस्पताल भेजा गया। तबतक जीआरपी, आरपीएफ के साथ शहर कोतवाल महेंद्र सिंह और सीओ सिटी शेखर सेंगर फारेंसिक टीम के साथ पहुंचे। पटाखा की बारीकी से जांच की गई और सैंपल भी लिया गया।
प्राथमिक जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि विस्फोट किसी संदिग्ध वस्तु या बम का नहीं, बल्कि आतिशबाजी में इस्तेमाल होने वाले पटाखे का था।
पुलिस स्टेशन परिसर व आसपास के सीसीटीवी फुटेज को भी खंगाल रही हैं, ताकि यह पता लगाया जा सके कि पटाखा वहां कैसे पहुंचा। इसके बाद सीओ व कोतवाल जिला अस्पताल भी पहुंचे और नूरे इस्लाम से आवश्यक पूछताछ की।
ई-रिक्शा चालक नूरे इस्लाम प्लास्टिक में रखे विस्फोटक को पैर से दबा रहा था, तभी वह विस्फोट हो गया। वह पटाखा सुतली बम है, जिसे हाथ से जमीन पर पटक कर फोड़ते हैं। हालांकि वाराणसी विस्फोटक विशेषज्ञों की टीम को भी बुलाया गया, जो सैंपल एकत्र कर जांच के लिए लैब ले गए। मामले की गंभीरता से जांच भी की जा रही है। -शेखर सेंगर, सीओ सिटी।
यह भी पढ़ें- मौत होने के बाद भी महिला से दुष्कर्म करता रहा सफाईकर्मी, चिल्लाने पर गला दबाकर की थी हत्या
यह भी पढ़ें- जौनपुर में सास के निधन के एक घंटे बाद सदमे से बहू की भी हुई मौत, एक साथ मणिकर्णिका घाट पर अंत्येष्टि
 |