प्रतीकात्मक तस्वीर।
जागरण संवाददाता, अररिया। एक लाख से अधिक बच्चों का आधार वेरिफाईड के बाद भी अपार जनरेटेट नहीं करने वाले एक दर्जन जिले में अररिया का नाम भी शामिल हैं। मंगलवार को राज्य स्तरीय वीसी में समीक्षा के बाद इसका खुलासा हुआ है। राज्य परियोजना निदेशक नवीन कुमार ने इसमें सुस्ती को लेकर अररिया समेत अन्य 12 जिलों के डीईओ से स्पष्टीकरण पूछा है। साथ ही पत्र प्राप्ति के दो दोनों दिनों के भीतर जवाब तलब किया है। पत्र में उन्होंने 25 जनवरी तक शत प्रतिशत अपार जनरेटेट करने का आदेश दिया है।
- 25 तक शत प्रतिशत अपार आईडी जेनरेटेट का आदेश
- लापरवाही बरतने पर हो सकती है विभागीय कार्रवाई
- परियोजना निदेशक ने अररिया समेत 12 जिले के डीईओ से पूछा स्पष्टीकरण
- डीईओ से दो दिनों के भीतर जवाब तलब
वहीं लापरवाही बरतने पर विभागीय कार्रवाई की भी चेतावनी दी है। निदेशक ने आदेश पत्र में कहा कि मंगलवार को मुख्य सचिव द्वारा आयोजित वीसी में सभी डीईओ के साथ अपार आईडी निर्माण को लेकर समीक्षा की गई। 19 जनवरी के प्रतिवेदन के आधार पर पाया गया कि बच्चों का आधार वेरिफाईड होने के बावजूद अपार जेनरेटेट नहीं किया जा रहा है। अभी भी एक लाख से अधिक बच्चे आधार वेरिफाईड हैं, जिनका अपार आइडी जेनरेटेट नहीं हुआ है।
अररिया जिले के विद्यालयों में 6,10,473 बच्चे नामांकित हैं। इसमें 4,49,778 बच्चों का आधार वेरिफाईड हुआ है। जिसमें 19 जनवरी तक केवल 3,36,772 बच्चों का अपार आइडी जेनरेटेट हुआ है। जबकि 1,13,006 बच्चों का आधार वेरिफाईड है, परंतु अपार आइडी जेनरेटेट नहीं हुआ है।
इसी प्रकार कटिहार जिले में 1,35,832, पटना में 1,86,633, पूर्वी चंपारण 1,96,173, समस्तीपुर 1,63,171, मधुबनी जिले में 1,61, 842, सिवान जिले में 1,26,833 बच्चों का आधार वेरिफाईड है, लेकिन अपार जेनरेटेट नहीं हुआ। इसके अलावे पश्चिम चंपारण, सीतामढ़ी, दरभंगा, गया, सारण जिले में भी एक लाख से अधिक बच्चों का आधार वेरिफाईड होने के बावजूद अपार आईडी निर्माण नहीं हुआ है। जिसको शिक्षा विभाग ने गंभीरता से लेते हुए 25 जनवरी तक शत प्रतिशत अपार आइडी जनरेटेट करने का आदेश दिया है। |