पहली मंजिल पर भी खोले जाएंगे औषधि काउंटर।
संवाद सूत्र, सुलतानपुर। मेडिकल कॉलेज अस्पताल में पहली मंजिल पर भी दवा वितरण कक्ष खोले जाएंगे। आधार मंजिल पर चार काउंटर पहले से ही खोले गए हैं। भीड़ अधिक होने के कारण दवा काउंटरों पर मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। प्रतिदिन तीन से चार हजार या इससे भी अधिक मरीजों का पंजीकरण होता है। पर्चा काउंटर से लेकर ओपीडी, जांच तथा औषधि वितरण काउंटर तक लंबी कतार लगती है।
प्रत्येक काउंटर पर लाइन में लगने से मरीजों का काफी समय बर्बाद होता है और वे परेशान होते हैं। मेडिकल कॉलेज प्रबंधन इसे लेकर गंभीर हो गया है। जल्द ही यह सुविधा मिलने लगेगी।
मेडिकल कॉलेज के नवनिर्मित चिकित्सीय विंग में 20 मार्च, 2025 से ओपीडी समेत अन्य चिकित्सीय सेवाएं शुरू कर दी गई हैं। ओपीडी में दिखाने से पहले मरीजों को भूतल पर स्थित पंजीकरण काउंटर पर एक रुपये का पर्चा लेना होता है। इसमें उनका आधे घंटे का समय लगता है।
इसके बाद उन्हें ओपीडी में दिखाने के लिए कतार में प्रतीक्षा करनी पड़ती है। यहां भी कम-से-कम एक से दो घंटे तक लग जाते हैं। नंबर आने के बाद चिकित्सक उन्हें पर्चे पर दवाओं के साथ जांच आदि का परामर्श देते हैं। फिर मरीज आधे घंटे लाइन में लगकर जांच के लिए पंजीकरण कराते हैं।
रक्त नमूने देने के लिए फिर से आधे घंटे इंतजार करना पड़ता है। इसके बाद एक से दो घंटे लाइन में लगकर औषधि वितरण पटल से दवाएं लेनी होती हैं। दूसरे या तीसरे दिन जांच रिपोर्ट लेकर फिर से ओपीडी में लाइन लगानी पड़ती है।
पहली मंजिल पर दवा वितरण काउंटर से बचेगा मरीजों का समय
आधार मंजिल पर आर्थो, नाक-कान-गला, दंत, छाती रोग तथा सर्जरी विभाग की ओपीडी संचालित होती है। यहां पहले से ही औषधि वितरण के लिए चार काउंटर पहले से ही बनाए गए हैं। यहां मरीजों को दवाएं लेने में एक से दो घंटे तक खड़ा होना पड़ता है।
वहीं, पहले तल पर नेत्र, चर्म, मानसिक तथा फिजीशियन चिकित्सकों की चार ओपीडी संचालित की जा रही है। ऐसे में यहां औषधि वितरण काउंटर खोले जाने से मरीजों को कम समय में दवाएं मिल सकेंगी।
लाइन में खड़े मरीजों का दर्द
कांशीराम कालोनी के राम अकबाल ठीक से खड़े भी नहीं हो पा रहे थे, लेकिन वे दवा लेने के लिए लाइन में करीब एक घंटे से खड़े थे। इससे पहले वे पर्चा बनवाने फिर ओपीडी में लंबी लाइन में लगने के बाद ही चिकित्सक को दिखा सके थे।
इसी प्रकार सौरमऊ के राजेश व करौंदिया की सुनीता भी दवाओं के लिए काफी देर से लाइन में खड़े होकर अपनी बारी का इंतजार कर रही थीं।
पहले तल पर मरीजों को दवाएं उपलब्ध कराने के लिए अतिरिक्त काउंटर खोलने की व्यवस्था की जा रही है। इसे जल्द ही मूर्त रूप दिया जाएगा। इससे मरीजों को कम समय में ओपीडी से निकलते ही दवाएं मिल सकेंगी। -डॉ. सलिल श्रीवास्तव, प्राचार्य। |
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