प्रतीकात्मक चित्र
संवाद सूत्र, जागरण, सैफनी। बिजली विभाग के संविदा कर्मी भानसिंह (35) की आत्महत्या के मामले में थाना पुलिस ने पड़ोसी गांव की रहने वाली एक महिला के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने की प्राथमिकी दर्ज की है। थाना क्षेत्र के रूपपुर गांव निवासी भानसिंह सैफनी बिजलीघर में संविदा लाइनमैन के पद पर कार्यरत था।
स्वजन के अनुसार, वह पिछले काफी समय से मानसिक तनाव में चल रहा था। पिता राजेंद्र सिंह का आरोप है कि पड़ोसी गांव देवीपुरा की महिला रेखा पाल ने उनके बेटे से पुरानी जान-पहचान का फायदा उठाकर उसे ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया था। आरोपित मुकदमे में फंसाने की धमकी दी गई।
स्वजन का कहना है कि भानसिंह ने आत्महत्या से पहले अपनी पत्नी और माता-पिता को बताया था कि वह ब्लैकमेलिंग और मानसिक प्रताड़ना से पूरी तरह टूट चुका है। उसने यह भी कहा था कि आरोपित महिला उसे आत्महत्या के लिए उकसाती थी और वह अब इस दबाव को और सहन नहीं कर पा रहा।
आरोप है कि करीब सात महीने पहले भान सिंह ने भैंस बेचकर 50 हजार रुपये भी आरोपित महिला को दिए थे, इसके बावजूद उत्पीड़न बंद नहीं हुआ। मामले ने उस वक्त और तूल पकड़ लिया जब सामने आया कि आत्महत्या से ठीक एक दिन पहले, 11 जनवरी को आरोपी महिला ने भान सिंह के खिलाफ थाने में छेड़छाड़ की प्राथमिकी दर्ज कराई थी।
मृतक के स्वजन का आरोप है कि रुपये देने से इनकार करने पर दबाव बनाने के उद्देश्य से यह प्राथमिकी मुकदमा दर्ज कराई गई है। प्राथमिकी दर्ज होने की जानकारी मिलने के बाद से ही भान सिंह और अधिक मानसिक तनाव में आ गया था। रविवार शाम करीब चार बजे भान सिंह घर से निकल गया था।
सोमवार सुबह गांव रूपपुर के जंगल में खेत की मेड़ पर खड़े एक पेड़ से उसका शव लटका मिला। पुलिस प्राथमिकी दर्ज की है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट, काल डिटेल, लेन-देन से जुड़े साक्ष्य और दोनों पक्षों के बयानों के आधार पर मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही।
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