पति को गोली लगने के बाद बच्चों को गोद में लेकर रोती बिलखती महिला। जागरण
संवाद सहयोगी, मीनापुर (मुजफ्फरपुर)। सिवाइपट्टी थाना क्षेत्र की रघई पंचायत के बनघरा वार्ड संख्या-दो में प्रेम विवाह के दो वर्षों बाद घर में घुसकर बेटी के सामने दामाद को गोलियों से भून डालने की घटना सामने आई है।
मृतक की पत्नी ने अपने पिता, भाई और मामा समेत छह लोगों पर हत्या करने का आरोप लगाया है। घटना रविवार की रात की बताई गई है। मामले में पुलिस ने युवक के ससुर समेत दो को हिरासत में लिया है। उनसे पूछताछ की जा रही है।
मृतक की पहचान रघई पंचायत के बनघरा गांव के रमेश प्रसाद के पुत्र आयुष कुमार (27 वर्ष) के रूप में बताई गई है। मृतक की पत्नी तन्नू कुमारी ने बताया कि रविवार की रात वह अपने पति और आठ माह के बच्चे के साथ सो रही थी। इसी दौरान घर के पीछे से गेट खोलने की आवाज आई।
जब तक कुछ समझ पाती, तब तक उसके पिता प्रेम कुमार भगत के अलावा मामा, भाई समेत आधा दर्जन लोग हथियारों के साथ उसके घर में घुस गए। उसकी सास के कमरे में जाकर उनके साथ मारपीट की। हाथों में बंदूक लिए उसके पिता और मामा ने बच्चे को जान से मार देने की धमकी देते हुए उसे रस्सी से बांध दिया। इसके बाद उसके पति को जमीन पर पटक डाला। पहले पिता और फिर मामा ने उसके पति के सिर में गोली मार दी।
सुहाग बचाने की मांगती रही भीख, निर्दयी पिता ने नहीं सुनी
मृतक की पत्नी का आरोप है कि अपना सुहाग बचाने के लिए वह भीख मांगती रही, लेकिन पापा, भाई और मामा किसी ने एक नहीं सुनी। सभी ने मिलकर उसकी आंखों के सामने सुहाग उजाड़ डाला। पुलिस के सामने जुबान बंद रखने, अन्यथा बच्चे को भी किसी दिन जान से मार देने की धमकी देते हुए सभी चले गए।
पुत्र के प्रेम विवाह के बाद पिता को छोड़ना पड़ा गांव
मृतक के पिता रमेश भगत ने बताया कि लगभग दो साल पहले उसके पुत्र ने पड़ोस की ही लड़की से प्रेम विवाह कर लिया था। शादी के दो दिन बाद भी गुस्से में लड़की के पिता, बाबा व मामा समेत लगभग आधा दर्जन लोग उन्हें काम के बहाने घर से बुलाकर ले गए। गाड़ी में बंद कर उनकी पिटाई की।
नदी में फेंकने की कोशिश की, किंतु जैसे ही गाड़ी आगे बढ़ाई, वह गेट खोलकर पीछे से कूद गए और अपनी जान बचाते हुए वहां से भागे। सिवाईपट्टी थाने में आवेदन देने पर सुनवाई नहीं हुई। बेटे की कई बार हत्या की नीयत से सड़क पर दूसरी गाड़ी से ठोकर मारी गई। हारकर उन्हें मजदूरी करने के लिए परदेस जाना पड़ा। घर पर उनकी पत्नी, पुत्र और बहू रहती थी।
बताया जाता है कि मृतक दो भाइयों में सबसे बड़ा था। उसे एक आठ महीने का पुत्र अर्णव कुमार भी है। सोमवार की दोपहर पोस्टमार्टम से शव आते ही गांव में मातम का माहौल हो गया।
थानाध्यक्ष त्रिपुरारी कुमार राय ने बताया कि घटनास्थल से दो खोखे बरामद किए गए हैं। मामले की छानबीन चल रही है। एसकेएमसीएच में फर्द बयान कराया गया है। इसमें मृतक के ससुर समेत छह लोगों को नामजद किया गया है। वहीं लड़की के पिता व मामा को हिरासत में लेकर पूछताछ चल रही है । |