search

अमेरिका की वेनेजुएला पर कार्रवाई और ग्रीनलैंड को ट्रंप की धमकी, अब कनाडा को सता रहा इस बात का खतरा

cy520520 2026-1-10 23:26:57 views 422
  

अमेरिका की हाल की कार्रवाईयों से कनाडा में 51वें राज्य\“ का डर फिर से लौट आया है (फोटो- एक्स)



डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की हालिया आक्रामक विदेश नीतियों ने उत्तरी अमेरिका में हलचल मचा दी है। वेनेजुएला पर सैन्य छापेमारी और ग्रीनलैंड को लेकर डेनमार्क को दी जा रही लगातार धमकियों के बाद, कनाडा में एक पुराना डर फिर से सिर उठा रहा है – क्या ट्रंप कनाडा को अमेरिका का 51वां राज्य बनाने की अपनी पुरानी धमकी को अमल में लाएंगे? कनाडाई मीडिया और विशेषज्ञों का मानना है कि यह खतरा अब महज कल्पना नहीं, बल्कि वास्तविक सैन्य दबाव का रूप ले सकता है।
वेनेजुएला और ग्रीनलैंड की घटनाएं: कनाडा के लिए खतरे की घंटी

ट्रम्प प्रशासन ने हाल ही में वेनेजुएला पर सैन्य कार्रवाई की, जिसमें अमेरिकी सेनाओं ने राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी को “पकड़ लिया“ और न्यूयॉर्क में मुकदमे के लिए पेश करने की तैयारी की। इसके साथ ही, ट्रंप ने ग्रीनलैंड को खरीदने या कब्जाने की धमकियां दीं, जो डेनमार्क का हिस्सा है।

इन घटनाओं ने कनाडा को विशेष रूप से चिंतित कर दिया है, क्योंकि कनाडा ग्रीनलैंड से कई मायनों में समान है – दोनों लोकतांत्रिक देश हैं, आर्कटिक क्षेत्र में स्थित हैं और नाटो गठबंधन के सदस्य हैं। ट्रंप की नजरें नाटो पर प्रभुत्व जमाने पर टिकी हुई हैं, जिससे कनाडा खुद को जोखिम में महसूस कर रहा है।

कनाडा सरकार के पूर्व सुरक्षा और सीमा सलाहकार वेस्ली वार्क ने इसे “कनाडा के लिए अंतिम चेतावनी“ करार दिया। उन्होंने कहा, “ओटावा के कई अधिकारियों को यह मानना मुश्किल लग रहा है कि हम ऐसी स्थिति में हैं, लेकिन सबूत साफ हैं।  

अमेरिका अब वह पुराना सहयोगी देश नहीं रहा। वेनेजुएला और ग्रीनलैंड की घटनाएं हमें सतर्क करती हैं कि ट्रम्प की नीतियां किसी भी पड़ोसी पर लागू हो सकती हैं।“
कनाडाई मीडिया में बहस: \“सैन्य दबाव का वास्तविक खतरा\“

इस सप्ताह की शुरुआत में कनाडाई समाचार पत्र \“द ग्लोब एंड मेल\“ में प्रकाशित एक लेख ने इस डर को और हवा दी। लेख में कहा गया है, “कनाडावासियों को इस वास्तविक खतरे को स्वीकार करना होगा कि श्री ट्रम्प हमारे देश के खिलाफ सैन्य बल का प्रयोग कर सकते हैं।“  

लेख के सह-लेखक और कनाडाई शिक्षाविद थॉमस होमर-डिक्सन ने ब्लूमबर्ग को दिए बयान में कहा, “यह सब गणना के तरीके को बदलने के बारे में है। अगर हमारे खिलाफ सैन्य दबाव का इस्तेमाल किया जाता है, तो यह बहुत महंगा साबित होगा।“

ट्रंप की पुरानी टिप्पणियां, जैसे “कनाडा को अमेरिका का 51वां राज्य बनाना“, अब मजाक नहीं लग रही हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि ये कार्रवाइयां ट्रम्प की \“अमेरिका फर्स्ट\“ नीति का विस्तार हैं, जो संसाधनों और रणनीतिक महत्व वाले क्षेत्रों पर कब्जा करने पर केंद्रित है। कनाडा के आर्कटिक संसाधन और सीमाएं इसे ट्रम्प की नजर में आकर्षक बनाती हैं।
कार्नी सरकार की रणनीति: चीन की ओर रुखप्र

धानमंत्री मार्क कार्नी, जो पिछले साल ट्रम्प का मुकाबला करने के वादे के साथ सत्ता में आए थे, ने अमेरिका पर निर्भरता कम करने के लिए चीन के साथ व्यापारिक संबंध मजबूत करने पर जोर दिया है। कार्नी की कूटनीति सतर्क है – वे अमेरिका से टकराव से बचते हुए वैकल्पिक साझेदारियां तलाश रहे हैं। हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि अगर ट्रम्प की धमकियां बढ़ीं, तो कनाडा को नाटो सहयोगियों और अंतरराष्ट्रीय समुदाय से मदद की जरूरत पड़ेगी।
like (0)
cy520520Forum Veteran

Post a reply

loginto write comments
cy520520

He hasn't introduced himself yet.

510K

Threads

0

Posts

1610K

Credits

Forum Veteran

Credits
163766