search

Railway का दोहरा मापदंड : चक्रधरपुर मंडल में मेंटेनेंस के नाम पर Pasenger ट्रेनें रद, मालगाड़ियों के लिए खुला है ग्रीन सिग्नल

LHC0088 Yesterday 20:57 views 857
  

फाइल फोटो।


जागरण टीम, चक्रधरपुर/टाटानगर। चक्रधरपुर रेलमंडल के यात्रियों के लिए एक बार फिर मुश्किल भरी खबर है। रेल प्रशासन ने रविवार, 11 जनवरी को टाटानगर-बादामपहाड़-टाटानगर मेमू (ट्रेन नंबर 68131/68132) का परिचालन रद करने का निर्णय लिया है।    इसके साथ ही शनिवार को बीरमित्रपुर-बरसुवान पैसेंजर को भी रेक की कमी बताकर रद रखा गया। इससे दैनिक यात्रियों की परेशानी बढ़ गई है।

हैरानी की बात यह है कि जहां मेंटेनेंस के नाम पर आम यात्रियों की लाइफलाइन कही जाने वाली मेमू ट्रेनों के पहिए रोक दिए गए हैं, वहीं उसी रूट पर मालगाड़ियों (Freight Trains) का परिचालन बेधड़क जारी है।   
मरम्मत के नाम पर चार घंटे का ब्लॉक रेलवे के आधिकारिक बयान के अनुसार, टाटानगर और हलुदपुकुर स्टेशनों के बीच रेल लाइन को दुरुस्त करने के लिए रविवार को चार घंटे का ट्रैफिक ब्लॉक लिया जा रहा है। इसी कार्य का हवाला देते हुए बादामपहाड़ मेमू को रद किया गया है।    दूसरी ओर, 58151/58152 बीरमित्रपुर-बरसुवान पैसेंजर को \“रेक की अनुपलब्धता\“ के कारण शनिवार को रद रखा गया, जिससे सैकड़ों दैनिक यात्री परेशान रहे।   
राजस्व का गणित: यात्री ट्रेनें \“सॉफ्ट टारगेट\“ रेलवे की इस कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। अक्सर देखा जाता है कि जब भी ट्रैक मेंटेनेंस या विकास कार्य की बात आती है, तो सबसे पहले पैसेंजर और मेमू ट्रेनों को ही निशाना बनाया जाता है।    यात्रियों का आरोप है कि रेलवे अपने राजस्व को बचाने के लिए मालगाड़ियों को प्राथमिकता देता है और उन्हें वैकल्पिक समय या लूप लाइन के जरिए निकाला जाता है, जबकि मध्यम और गरीब वर्ग के लिए उपलब्ध मेमू ट्रेनों को सीधे रद्द कर दिया जाता है।   
बीते एक माह का आंकड़ा: मेमू ट्रेनों पर \“प्रहार\“

चक्रधरपुर रेलमंडल के विभिन्न सेक्शनों (टाटा-खड़गपुर, टाटा-चक्रधरपुर, टाटा-गुआ) में पिछले 30 दिनों के भीतर ट्रेनों की स्थिति चिंताजनक रही है:
श्रेणी                             पिछले 30 दिनों में स्थिति (अनुमानित)
कुल रद मेमू/पैसेंजर ट्रेनें       22 बार (विभिन्न तिथियों पर)
रद होने का मुख्य कारण       ट्रैफिक ब्लॉक, रेक की कमी, एनआई कार्य
सबसे अधिक प्रभावित रूट    टाटानगर-बादामपहाड़ और टाटा-चक्रधरपुर-राउरकेला  
यात्रियों में बढ़ता आक्रोश

बादामपहाड़ रूट पर चलने वाली मेमू ट्रेन ओडिशा के सीमावर्ती इलाकों और झारखंड के ग्रामीणों के लिए यातायात का एकमात्र सस्ता साधन है। बार-बार बिना किसी ठोस विकल्प के ट्रेनों को रद करने से छात्र, मजदूर और छोटे व्यापारियों में भारी नाराजगी है।
like (0)
LHC0088Forum Veteran

Post a reply

loginto write comments
LHC0088

He hasn't introduced himself yet.

410K

Threads

0

Posts

1410K

Credits

Forum Veteran

Credits
148122

Get jili slot free 100 online Gambling and more profitable chanced casino at www.deltin51.com