राज्य ब्यूरो, लखनऊ। कोडीन युक्त सीरप के अवैध कारोबार के आरोप में लखनऊ जेल में बंद एसटीएफ के बर्खास्त सिपाही आलोक सिंह और अमित सिंह टाटा से ईडी पूछताछ करेगी। कोर्ट ने ईडी को नौ जनवरी को आलोक सिंह और 10 जनवरी को अमित सिंह टाटा से पूछताछ करने की अनुमति दी है।
इस पूछताछ में इस अवैध कारोबार के कई राज खुलने की उम्मीद है। बुधवार को इस मामले में फरार चल रहे मुख्य आरोपी शुभम जायसवाल के पिता भोला प्रसाद से पूछताछ के लिए भी कोर्ट ने ईडी को अनुमति दे दी थी। भोला प्रसाद सोनभद्र जेल में बंद हैं। आलोक सिंह और अमित सिंह टाटा को कोडीन युक्त सीरप के अवैध कारोबार में संलिप्तता के आरोप में एसटीएफ ने गिरफ्तार किया था। इसके बाद से दोनों लखनऊ जेल में बंद हैं।
एसटीएफ दोनों को रिमांड पर लेकर पूछताछ कर चुकी है। अब ईडी दोनों से पूछताछ करेगी। ईडी ने आलोक सिंह, अमित टाटा, विभोर राणा और शुभम जायसवाल के खिलाफ मनी लांड्रिंग का मामला दर्ज किया है। इसी मामले में दोनों से पूछताछ की जाएगी।
बता दें कि आलोक व अमित टाटा कोडीन युक्त सीरप को बांग्लादेश भेजते थे। कई छोटी दवा दुकानों के नाम पर ये सीरप मंगाते थे, इसके बाद आगे तस्करों के माध्यम से बांग्लादेश भेजते थे। जांच में यह भी सामने आया था कि इस अवैध कारोबार में एक पूरा सिंडीकेट काम करता है। जिसमें सीरप को एक जगह से दूसरी जगह भेजने में स्थानीय लोगों की मदद ली जाती थी। |
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