सचिवालय परिसर स्थित मीडिया सेंटर में पत्रकारों से बात करते मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी। साथ हैं भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट व प्रदेश महामंत्री कुंदन परिहार। सूवि
राज्य ब्यूरो, जागरण, देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विकसित भारत गारंटी फार रोजगार एवं आजीविका मिशन ग्रामीण (वीबी-जी राम जी अधिनियम) को गांवों के समग्र विकास की दिशा में ऐतिहासिक पहल बताया है। उन्होंने कहा कि यह अधिनियम केवल मनरेगा का संशोधित रूप नहीं है, बल्कि ग्रामीण रोजगार नीति की व्यापक और संरचनात्मक पुनर्रचना है, जिसका उद्देश्य गांवों को आत्मनिर्भर, सशक्त और सुरक्षित बनाना है।
मंगलवार को सचिवालय स्थित मीडिया सेंटर में पत्रकारों से बातचीत में मुख्यमंत्री ने कहा कि इस नये केंद्रीय अधिनियम के तहत ग्रामीण परिवारों को अब 100 के स्थान पर 125 दिन रोजगार का कानूनी अधिकार मिलेगा। यदि 15 दिन के भीतर रोजगार उपलब्ध नहीं कराया जाता है तो बेरोजगारी भत्ता देना अनिवार्य होगा और इसकी जिम्मेदारी संबंधित अधिकारियों पर तय की गई है।
भुगतान की व्यवस्था साप्ताहिक होगी तथा देरी होने पर मुआवजे का प्रावधान भी किया गया है। उन्होंने कहा कि इससे श्रमिकों को समय पर पारिश्रमिक मिल सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ग्राम सभा और ग्राम पंचायत को योजना में केंद्रीय भूमिका दी गई है। विकास कार्यों का चयन ग्राम सभा करेगी और कम से कम 50 प्रतिशत कार्य पंचायत स्तर पर ही संपादित होंगे। इस योजना के तहत जल संरक्षण, ग्रामीण अवसंरचना, आजीविका परिसंपत्तियों और आपदा प्रबंधन से जुड़े कार्य किए जाएंगे।
महिला सशक्तिकरण के लिए स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं के लिए कौशल केंद्र, कार्य शेड और ग्रामीण बाजार विकसित किए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड को इस अधिनियम के अंतर्गत केंद्र सरकार से 90 प्रतिशत वित्तीय सहयोग मिलेगा, जिससे राज्य पर अतिरिक्त बोझ नहीं पड़ेगा।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि योजना में तकनीक आधारित पारदर्शिता को विशेष महत्व दिया गया है। इसके अंतर्गत बायोमेट्रिक उपस्थिति, स्थान-आधारित पहचान, भौगोलिक सूचना प्रणाली के माध्यम से मानचित्रण, मोबाइल अनुप्रयोग, सार्वजनिक सूचना पट और कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित धोखाधड़ी पहचान जैसी व्यवस्था लागू की जाएंगी।
साथ ही वर्ष में दो बार अनिवार्य सामाजिक अंकेक्षण से योजना को भ्रष्टाचार-मुक्त बनाने का प्रयास किया गया है। इस अवसर पर प्रदेश भाजपा अध्यक्ष एवं राज्यसभा सदस्य महेंद्र भट्ट और विधायक दलीप रावत उपस्थित रहे।
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