ओईसीडी प्रमुख मैथियास कोरमैन। (फाइल फोटो)
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। 145 से अधिक देशों ने सोमवार को 2021 के वैश्विक न्यूनतम कॉरपोरेट टैक्स समझौते में संशोधन करने पर सहमति व्यक्त की। इससे वॉशिंगटन की उन चिंताओं का समाधान हो गया कि ये नियम अमेरिकी बहुराष्ट्रीय कंपनियों को नुकसान पहुंचा सकते हैं।
आर्थिक सहयोग और विकास संगठन (ओईसीडी) ने कहा कि नए पैकेज में 15 प्रतिशत के वैश्विक न्यूनतम कर ढांचे को बरकरार रखा गया है। इसे यह सुनिश्चित करने के लिए बनाया गया है कि बड़ी बहुराष्ट्रीय कंपनियां जहां भी परिचालन करती हैं, वहां एक निश्चित कर का भुगतान करें।
अपडेट टैक्स प्रणाली का किया गया सरलीकरण
अमेरिकी न्यूनतम कर कानूनों को वैश्विक मानकों के अनुरूप बनाने के लिए इस अपडेट टैक्स प्रणाली का सरलीकरण किया गया है और कुछ अपवाद रखे गए हैं, जो ट्रंप प्रशासन द्वारा उठाई गई पिछली आपत्तियों का समाधान करते हैं।
\“जटिलता को कम करती है व्यवस्था\“
ओईसीडी प्रमुख मैथियास कोरमैन ने कहा कि यह व्यवस्था टैक्स संबंधी निश्चितता को बढ़ाती है और जटिलता को कम करती है। यह कर आधारों की रक्षा करती है। पिछले साल अक्टूबर तक 65 से अधिक देशों ने 2021 के वैश्विक कर समझौते को लागू करना शुरू कर दिया था। इसके तहत देशों को 15 प्रतिशत कॉरपोरेट टैक्स लागू करना या कम टैक्स वाले क्षेत्र में लाभ कमाने वाली बहुराष्ट्रीय कंपनियों पर अतिरिक्त कर लगाना अनिवार्य है।
पिछले साल जनवरी में इस समझौते के भविष्य पर संदेह पैदा हो गया था, जब राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने बाइडन प्रशासन द्वारा किए गए 2021 के समझौते की आलोचना करते हुए कहा था कि यह अमेरिका में लागू नहीं होता है।
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