जागरण संवाददाता, खगड़िया। शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत जिले के कमजोर वर्ग और अलाभकारी समूह के बच्चों को मुख्यधारा में जोड़ने के लिए नामांकन प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पहले चरण में 3763 अर्जी में से 2197 बच्चों की लाटरी निकल गई है। इन बच्चों को मुख्यालय स्तर से चयनित निजी स्कूलों में 10 मार्च तक नामांकन कराना अनिवार्य है।
निजी स्कूलों को निर्देश
समग्र शिक्षा अभियान के जिला शिक्षा पदाधिकारी (डीपीओ) अमरेंद्र कुमार गौंड ने जिले के सभी प्रस्वीकृत निजी स्कूलों के प्राचार्यों और संचालकों को निर्देशित किया है कि ज्ञानदीप पोर्टल के माध्यम से बच्चों की सूची निकालें और उनके अभिभावकों से संपर्क कर नामांकन सुनिश्चित करें। सभी आवश्यक दस्तावेज जैसे जन्म प्रमाण पत्र, आधार कार्ड आदि जमा कराकर प्रक्रिया पूरी करना होगा।
शेष बच्चों का नामांकन
बताया गया है कि जिन बच्चों का चयन पहले चरण में नहीं हुआ है, उनके लिए स्कूलों में सीट खाली होने पर दूसरी सूची जारी की जाएगी। इस सूची के आधार पर शेष बच्चों का नामांकन कराया जाएगा।
प्रखंडवार आवेदन संख्या
जिले के सात प्रखंडों के 223 प्रस्वीकृत निजी स्कूलों में कुल 3763 आवेदन प्राप्त हुए थे। प्रखंडवार आवेदन इस प्रकार रहे:
अलौली: 24 स्कूल, 632 आवेदन
बेलदौर: 15 स्कूल, 353 आवेदन
चौथम: 17 स्कूल, 316 आवेदन
गोगरी: 55 स्कूल, 971 आवेदन
खगड़िया: 80 स्कूल, 997 आवेदन
मानसी: 10 स्कूल, 85 आवेदन
परबत्ता: 22 स्कूल, 409 आवेदन
- सत्यापन के दौरान संबंधित प्रखंड के बीईओ ने 263 अर्जी को रद्द कर दिया।
अधिकारी का बयान
डीपीओ खगड़िया अमरेंद्र कुमार गौंड ने कहा, “स्कूलों के चयन के बाद 24 फरवरी से 10 मार्च तक नामांकन की तिथि निर्धारित की गई है। हर हाल में बच्चों के अभिभावकों से संपर्क कर स्कूल संचालकों को नामांकन प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं। यह बच्चों को मुख्यधारा की शिक्षा से जोड़ने की महत्वपूर्ण पहल है।  |