मुंडा स्वशासन व्यवस्था के वार्षिक मिलन समारोह में पूर्व केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा हुुए शामिल।
जागरण संसू, पोटका । मुंडा स्वशासन व्यवस्था, पोटका प्रखंड कमेटी के तत्वावधान में स्थानीय पोटका मैदान में वार्षिक मिलन समारोह का आयोजन किया गया। बतौर मुख्य अतिथि झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री सह पूर्व केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा शामिल हुए।
पारंपरिक वेशभूषा में भव्य स्वागत कार्यक्रम की शुरुआत बेहद उत्साहजनक रही। पोटका चौक पर पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा और अन्य अतिथियों का स्वागत पारंपरिक रीति-रिवाजों से किया गया। मुंडा समाज के महिला व पुरुष अपनी पारंपरिक वेशभूषा में ढोल-नगाड़ों की थाप पर थिरकते नजर आए। अतिथियों ने महापुरुषों की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें नमन किया और प्रकृति देवता की आराधना कर जल, जंगल और जमीन की रक्षा का सामूहिक संकल्प लिया। उनके साथ भाजपा की पूर्व प्रत्याशी मीरा मुंडा, नियरेंज हेरेंज, बौद्ध मुंडा और जय हरि सिंह मुंडा सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
अस्तित्व बचाने के लिए संगठित होना जरूरी समारोह को संबोधित करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा ने कहा कि आदिवासी समाज अनादि काल से प्रकृति का पूजक रहा है। उन्होंने कहा कि हमारी पहचान और अस्तित्व जल, जंगल और जमीन से जुड़ा है। इसके संरक्षण के लिए समाज को संगठित होकर बड़ी लड़ाई लड़नी होगी। उन्होंने समाज के लोगों से अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जुड़े रहने का आह्वान किया।
सामाजिक विकास और पर्यावरण संरक्षण पर जोर मुंडा समाज के प्रखंड अध्यक्ष माधव मुंडा ने शिक्षा और सामाजिक-सांस्कृतिक विकास पर अपनी बात रखी। उन्होंने जंगलों में लग रही आग पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि जंगल की सुरक्षा के लिए समाज के युवाओं को आगे आना होगा। उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि यदि बड़े बांधों और जल संचयन की उचित व्यवस्था की जाए, तो जमशेदपुर जैसे शहरी क्षेत्रों में कभी पानी की किल्लत नहीं होगी।
वहीं, संजय मुंडा ने कहा कि संगठित समाज ही अपने अधिकारों की लड़ाई मजबूती से जीत सकता है। समारोह में सत्यनारायण मुंडा, होपना महाली, मनोज सरदार, माधव मुंडा और संजय मुंडा सहित बड़ी संख्या में समाज के लोग उपस्थित रहे। |