शालीमार बाग के साप्ताहिक बाजार के कारण होने वाली यातायात जाम की समस्या को हल करने का दिल्ली हाईकोर्ट ने दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) को निर्देश दिया है।
जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। शालीमार बाग के साप्ताहिक बाजार के कारण होने वाली यातायात जाम की समस्या को हल करने का दिल्ली हाईकोर्ट ने दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) को निर्देश दिया है। न्यायमूर्ति प्रतिबा एम सिंह व न्यायमूर्ति मधु जैन की पीठ ने शालीमार बाग थाने के एसएचओ को निर्देश दिया कि साप्ताहिर बाजार एमसीसी द्वारा तैयार किए गए नियमों के अनुसार ही लगे और अगर कोई वेंडर नियमों का उल्लंघन करता है तो इसे एसएचओ द्वारा हटाया जाए।
नियमों व शर्तों पर विचार करने का निर्देश
पीठ ने एमसीडी व पुलिस को मामले पर स्थिति रिपोर्ट पेश करने का निर्देश दिया। मामले पर अगली सुनवाई छह अप्रैल को होगी। स्थानीय नागरिकों द्वारा दायर की गई याचिका में आरोप लगाया गया था कि बिना अनुमति के दुकान लगाने वाले वेंडर के कारण जाम की स्थिति बनती है और लोगों का निकलना मुश्किल होता है। अदालत ने रिकाॅर्ड पर लिया कि इस संबंध में अगस्त 2025 में आदेश पारित किया गया था और इसमें एमसीसीडी को वेंडरों के लिए तय नियमों व शर्तों पर विचार करने का निर्देश दिया था।
स्थिति रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश
हालांकि, अदालत में पेश की गई तस्वीरों के अनुसार साप्ताहिक बाजार के कारण इलाके में भीड़ रहती है। इस दौरान पीठ को साप्ताहिक बाजार से जुड़ी एक नीति के बारे में सूचना दी गई। इसके तहत जब इलाके के दूसरे बाजार बंद हो तब साप्ताहिक बजाार सिर्फ एक बार ही लगने की बात की गई है।
इस पर पीठ ने एमसीडी सहायक आयुक्त को साप्ताहिक बाजार का निरीक्षण का इस संबंध में रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया। साथ ही एसएचओ को भी दो सोमवार को साप्ताहिक बाजार का निरीक्षण का एक स्थिति रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया।
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