search

मथुरा सर्राफ लूटकांड: चाय की दुकान पर हुई दोस्ती से बना लुटेरों का गैंग, पीएसी जवान ने दिखाया वर्दी का रौब

Chikheang 2026-1-7 07:26:26 views 554
  

लुटेरों की जानकारी देते एसएसपी व आरोपित।



जागरण संवाददाता, मथुरा। करीब डेढ़ वर्ष पूर्व मथुरा कैंप में आगरा के पीएसी जवानों की मुलाकात एक चाय की दुकान पर रोहित से हुई थी। नर्सिंग पढ़ाई के चलते रोहित का भी आगरा आना-जाना था। कई बार मिलने से दोस्ती गहरी हो गई। रोहित ने ही योजना बनाई थी कि वर्दी वालों को देखते ही सर्राफ घबरा जाएगा। छोड़ने के एवज में उससे अच्छी रकम वसूल सकते थे। लेकिन बैग में चांदी और रकम देख आरोपितों की नियत फिसल गई और लूट की वारदात को अंजाम दे दिया।
वर्दी का रौब दिखाकर सर्राफ को डराकर लूटने की बनाई थी योजना

हाथरस के गांव पचावरी का रहने वाला रोहित करीब डेढ़ वर्ष आगरा से नर्सिंग की पढ़ाई कर रहा था। मथुरा के रांची बांगर स्थित एक मकान में किराए का कमरा लेकर रहता था। डेढ़ वर्ष पूर्व आगरा पीएसी का मथुरा में कैंप लगा। रांची बांगर स्थित लगे कैंप में पीएसी कांस्टेबल नरेंद्र सिंह निवासी गुद्दर गांव जमुनापार और लक्ष्मीचंद निवासी रामपुर मगोर्रा भी आए थे।

यहां पर पास ही एक चाय की दुकान है। दोनों कांस्टेबल चाय पीने के लिए दुकान पर जाते थे। यहीं पर उनकी रोहित से मुलाकात हो गई। इसके बाद कई बार मिलने-जुलने से उनकी दोस्ती गहरी हो गई।
अपहरण के बाद छोड़ने के बदले मोटी रकम वसूलना चाहते थे

आरोपितों के महंगे शौक हैं। रोहित को पता था कि उसके गांव के सर्राफ योगेश चांदी व नकदी लेकर मध्य प्रदेश आते जाते हैं। इसी को लेकर रोहित ने योजना बनाई। नरेंद्र और लक्ष्मी चंद से कहा कि सर्राफ वर्दी देखकर घबरा जाएगा। अगर उसे पकड़ लेंगे तो वह छूटने के नाम पर अच्छे रुपये दे देगा।

रोहित ने सर्राफ योगेश को फोन करके एक दिन ही पूछा था कि कब आ रहे हैं। इसके बाद योजना बनाई गई। सोमवार रात दोनों पुलिसकर्मियों ने सर्राफ को रोका और डराने के लिए गांजे बेचने की धमकी दी, लेकिन उनकी योजना फेल हो गई। सर्राफ ने कार में सवार परिचित रोहित को देख लिया। इसके बाद आरोपित बैग लेकर फरार हो गए।
10 मिनट भी देर होती तो पकड़ में नहीं आते आरोपित

कमांड सेंटर से लूट की वारदात की सूचना मिलते ही कोतवाल विनोद बाबू मिश्र के हाथ-पैर फूल गए। उनकी सक्रियता से तीन आरोपितों को पकड़ने में सफलता मिल गई। 10 मिनट भी अगर देरी होती तो शायद पकड़ना मुश्किल होता। बाग बहादुर चौकी प्रभारी मांगेलाल ने तेज रफ्तार में कार जाती देखी। इससे शक गहराया। तुरंत टीम के साथ पहुंचे कोतवाल ने घेराबंदी करके तीन को दबोच लिया। लेकिन दो फिर भी फरार हो गए।

यह भी पढ़ें- पुलिस वर्दी पहने बदमाशों ने 7.25 लाख की चांदी और नकदी लूटी, मथुरा में व्यापारी का अपहरण करने का भी प्रयास

यह भी पढ़ें- School Closed: कड़ाके की ठंड में कंपकंपा रहे बच्चे, डीएम के आदेश से छाई खुशी; बढ़ गईं मथुरा में स्कूल की छुट्टियां
like (0)
ChikheangForum Veteran

Post a reply

loginto write comments
Chikheang

He hasn't introduced himself yet.

510K

Threads

0

Posts

1610K

Credits

Forum Veteran

Credits
166904