search

Dhanbad Toxic Gas Leak: झारखंड सरकार ने दो की मौत पर मांगी जिला प्रशासन से रिपोर्ट, आपदा मंत्री ने मुआवजे का किया एलान

deltin33 2025-12-8 03:07:46 views 1027
  

गैस रिसाव के बाद बेहोश महिला को सुरक्षित इलाज के लिए एंबुलेंस में ले जाते लोग। (फोटो जागरण)



जागरण संवाददाता, धनबाद। बीसीसीएल पुटकी–बलिहारी क्षेत्र के केंदुआडीह कोलियरी के समीप राजपूत बस्ती में हुए गैस रिसाव में दो महिलाओं की मौत को झारखंड सरकार ने गंभीरता से लिया है। राज्य के आपदा प्रबंधन मं‍त्री इरफान अंसारी ने मुआवजा की घोषणा की है।  विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

आपदा प्रबंधन मंत्री इरफान अंसारी ने रविवार को दैनिक जागरण को बताया कि मृतक परिवार को चार-चार लाख रुपये मुआवजा दिया जाएगा। इस हादसे में राजपूत बस्ती की ललिता देवी और प्रियंका कुमारी की मौत हुई थी, जबकि लगभग तीन दर्जन लोग गैस के शिकार हुए हैं।

मंत्री अंसारी ने बताया कि आपदा विभाग ने उपायुक्त, धनबाद से पूरी रिपोर्ट मंगाई है। रिपोर्ट का अध्ययन कर आगे की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि पूरा क्षेत्र बीसीसीएल के अधीन है, इसलिए बीसीसीएल को जिला प्रशासन के साथ मिलकर स्थानीय नागरिकों की सुरक्षा और संभावित शिफ्टिंग के उपाय जल्द से जल्द करने चाहिए।

आपदा विभाग ने पुटकी–बलिहारी क्षेत्र के केंदुआ और राजपूत बस्ती के आसपास की गैस रिसाव की वर्तमान स्थिति पर काम शुरू कर दिया है। लोगों की सुरक्षित निकासी और किसी भी संभावित खतरे से उन्हें बचाने के लिए ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।

मंत्री ने कहा कि कई लोग गैस की चपेट में आए हैं। उनका इलाज बीसीसीएल और जिला के विभिन्न अस्पतालों में किया जा रहा है। बेहतर इलाज की सुविधा सुनिश्चित करने के लिए संबंधित अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए गए हैं। मंत्री ने स्पष्ट किया कि किसी भी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और लोगों की जान-माल की सुरक्षा सरकार की प्राथमिकता है।

इस घटना की जानकारी लेने और उपायों की समीक्षा के लिए आपदा प्रबंधन मंत्री इरफान अंसारी ने विभागीय सचिव और उपायुक्त से नियमित रिपोर्ट ली है। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन और बीसीसीएल की कार्यप्रणाली की निगरानी लगातार की जाएगी।
like (0)
deltin33administrator

Post a reply

loginto write comments
deltin33

He hasn't introduced himself yet.

1510K

Threads

0

Posts

4710K

Credits

administrator

Credits
478009