जागरण संवाददाता, नैनीताल। नैनीताल समेत प्रदेश के अन्य जिला न्यायालयों को बम से उड़ाने की धमकी देकर दहशत फैलाने की साजिश पहली धमकी देने के छह दिन पूर्व बना ली गई थी। दस फरवरी को धमकी देने में प्रयोग किया गया ई-मेल अकाउंट एक्टिवेट किया गया था। जिससे उत्तराखंड ही नहीं, यूपी समेत अन्य प्रदेशों में भी ई-मेल किये गए थे। हालांकि पुलिस के हाथ मेल भेजने वाले सोर्स से अभी भी दूर है।
बीते 16 फरवरी को नैनीताल जिला एवं सत्र न्यायालय के आधिकारिक ईमेल अकाउंट पर कोर्ट को आरडीएक्स से उड़ाने की धमकी भरा संदेश मिला था। मामले में पुलिस ने अज्ञात के विरुद्ध मुकदमा तो दर्ज किया, लेकिन धमकियों का सिलसिला नहीं थमा। नैनीताल कोर्ट को अगले दिन एक और धमकी भरा संदेश मिला। जिसमें भेजने वाले ने तमिल टाइगर्स इलम और पाकिस्तान आइएसएआइ के रूपमें इसकी जिम्मेदारी भी ली।
नैनीताल ही नहीं, टिहरी, अल्मोड़ा, देहरादून, उत्तरकाशी, हरिद्वार में भी इसी तरह के धमकी भरे संदेश ईमेल से प्राप्त हुए। पुलिस जांच में सामने आया है कि योजनाबद्ध तरीके से यह दहशत फैलाई गई। सूत्रों की माने तो जिस ईमेल अकाउंट से यह संदेश भेजा गया वह दस फरवरी को एक्टिवेट किया गया। जिससे नैनीताल ही नहीं कई अन्य जिलों को भी संदेश भेजकर दहशत फैलाई गई।
साइबर सेल ने संभाली कमान, निरीक्षक स्तर के अधिकारी कर रहे विवेचना
लगातार दो दिनों तक धमकी भरा संदेश मिलने के बाद तल्लीताल पुलिस की ओर से अज्ञात के विरुद्ध दो मुकदमे दर्ज किये गए। लेकिन आईटी एक्ट के मामलों की विवेचना निरीक्षक द्वारा किये जाने का नियम आड़े आया तो जांच थाने से बाहर के निरीक्षक स्तर के अधिकारी को सौंप दी गई। मामला साइबर अपराध से जुड़ा होने के कारण जांच की कमान साइबर सेल ने संभाल ली है। एसपी जगदीश चंद्र ने बताया कि मामले की जांच साइबर सेल को दी गई है। जिसमें विभिन्न स्तरों की जांच की जा रही है। जल्द ही पुलिस आरोपित तक पहुंच जाएगी।
यह भी पढ़ें- नैनीताल जिला कोर्ट में बम धमाके की धमकी, तीन साल पूर्व भी धमकी से मचा था हड़कंप
यह भी पढ़ें- नैनीताल कोर्ट में 24 घंटे के अंदर दो ईमेल से बम धमकियां, पुलिस के हाथ खाली
यह भी पढ़ें- VIDEO: नैनीताल कोर्ट को बम से उड़ाने की दूसरी धमकी, ISI और तमिल टाइगर्स ने ली जिम्मेदारी |