search

जेपी इंफ्राटेक रिजोल्यूशन प्लान की निगरानी करेंगे एनसीएलटी के पूर्व सदस्य, सुरक्षा पर लगे हैं धोखाधडी के आरोप

cy520520 Yesterday 18:56 views 210
  

सांकेतिक तस्वीर। सौजन्य- AI Generated



जागरण संवाददाता, नोएडा। जेपी इंफ्राटेक में रिजोल्यूशन प्लान के तहत किए जा रहे निर्माण कार्य की निगरानी एनसीएलटी (नेशनल कंपनी ला ट्रि्ब्यूनल) के पूर्व दो सदस्य करेंगे। दिसंबर 2024 में खरीदारों की ओर से दायर की गई याचिका पर एनसीएलटी ने यह आदेश जारी किया है।

पूर्व सदस्य पीके मोहंती और डॉ. दीप्ति मुकेश को यह जिम्मेदारी दी है। दोनों को 2.5-2.5 लाख रुपये प्रति माह का मानदेय भी मिलेगा। याचिका दायर करते हुए खरीदारों ने आरोप लगाया कि रिजोल्यूशन प्लान के तहत कोडेवलपर ने जेपी की परियोजनाओं में निवेश नहीं किया और न ही खरीदारों को निर्धारित समय पर घर मिले।

जेपी पर दिवालिया प्रक्रिया का मामला 2017 से शुरू हुआ। कंपनी पर बैंक और खरीदारों का हजारों करोड़ का खर्च था। मार्च 2023 में एनसीएलटी ने मुंबई की कंपनी सुरक्षा रियल्टी प्राइवेट लिमिटेड के रिजोल्यूशन प्लान को मंजूरी दी थी।

प्लान के तहत सुरक्षा रियल्टी को जेपी की अधूरी परियोजनाओं को पूरा करना था। इसमें विशटाउन समेत जेपी इंफ्रोटेक लिमिटेड (जेआइएल) की कई परियोजनाएं शामिल थीं। प्लान में कुल 20363 करोड़ रुपये का निवेश प्रस्तावित था। इससे खरीदारों फ्लैट डिलीवरी और किसानों का मुआवजा शामिल था।

जेआईएल रियल एस्टेट अलाटीज वेलफेयर एसोसिएशन (जेआरएडब्ल्यूएएस) के अध्यक्ष आशीष मोहन गुप्ता ने कहा कि यह फैसला खरीदारों के हित में है। एसोसिएशन लगातार शिकायतें दर्ज करा रहा है। रिजोल्यूशन प्लान को सुरक्षा ने पूर्ण रूप से लागू नहीं किया। पूर्व सदस्य निगरानी कर रिजोल्यूशन प्लान की प्रगति पर नजर रख एनसीएलटी में रिपेार्ट देंगे।
सुरक्षा पर लगे हैं धोखाधडी के आरोप

जनवरी 2026 में ईडी (प्रवर्तन निदेशालय) ने दिल्ली पुलिस की ईओडब्ल्यू (आर्थिक अपरोध शाखा) में एफआइआर दर्ज कराई है। सुरक्षा रियल्टी और उसके सहयोगी लक्षदीप इन्वेस्टमेंट्स पर जेपी इंफ्राटेक से 235 करोड़ रुपये की फंड डाइवर्जन का आरोप है। रिजोल्यूशन प्लान के तहत सुरक्षा ने 90 दिनों में 3000 करोड़ का लोन नहीं लिया। जेपी की परियोजनाओं में 20 हजार से अधिक खरीदार घर मिलने का इंतजार कर रहे हैं।
रिजोल्यूशन प्लान में सदस्य लाएंगे पारदर्शिता

एसोसिएशन के अध्यक्ष आशीष मोहन गुप्ता ने कहा कि सुरक्षा के साथ कई दौर की बैठकें हुईं। रिजोल्यूशन प्लान को पूर्ण रूप से लागू करने का अनुरोध किया गया। सुरक्षा की ओर से यह प्लान लागू नहीं किया गया। इसके बाद एनसीएलटी में याचिका दायर की गई। एनसीएलटी के दोनों पूर्व सदस्यों की रिजोल्यूशन प्लान पर निगरानी होने से पारदर्शिता बढेगा। खरीदार भी अपनी बात उनके सामने रख सकेंगे।
like (0)
cy520520Forum Veteran

Post a reply

loginto write comments
cy520520

He hasn't introduced himself yet.

510K

Threads

0

Posts

1510K

Credits

Forum Veteran

Credits
158097