LHC0088 • Yesterday 13:26 • views 452
नो-मैपिंग मतदाताओं की सुनवाई के दौरान अफरा-तफरी। फोटो-वीडियो ग्रैब
जागरण संवाददाता, नौतनवा। तहसील परिसर नौतनवा में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआइआर) की सुनवाई के दौरान गुरुवार को उस समय हंगामा हो गया, जब सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी (एईआरओ) के साथ अभद्रता और हाथापाई का मामला सामने आया।
घटना का वीडियो इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित होते ही प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया। प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए एसडीएम नवीन प्रसाद ने थानाध्यक्ष नौतनवा को विधिक कार्रवाई के निर्देश दिए, जिसके बाद अधिवक्ता के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया गया है। उधर अधिवक्ता भी थाने में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है।
गुरुवार दोपहर करीब 12.40 बजे तहसील सभागार में एईआरओ एवं पूर्ति निरीक्षक हर्ष वर्धन श्रीवास्तव विशेष गहन पुनरीक्षण की सुनवाई कर रहे थे। आरोप है, कि इसी दौरान अधिवक्ता राजकुमार उर्फ राजन ने लाइन तोड़कर एक प्रकरण की सुनवाई पहले कराने का दबाव बनाया। अधिकारी द्वारा नियमों के तहत मना करने पर अधिवक्ता ने अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए नोटिस फार्म फेंक दिया और हाथापाई पर उतारू हो गया।
आरोप है कि बीच-बचाव में मौजूद क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी धर्मेन्द्र कुमार के साथ भी धक्का-मुक्की की गई। एईआरओ की ओर से दी गई तहरीर में कहा गया है कि आरोपित अधिवक्ता ने जानबूझकर शासकीय कार्य में बाधा उत्पन्न की। सुनवाई के दौरान लाइन में खड़ी एक महिला मतदाता के प्रकरण को जबरन पहले निपटाने का दबाव बनाया गया।
मना करने पर नोटिस फार्म अधिकारी के चेहरे पर फेंक दिया गया, जिससे चोट पहुंची। इसके बाद हाथापाई की गई, जिससे न केवल शांति व्यवस्था भंग हुई बल्कि शासकीय सेवक की सुरक्षा और गरिमा को भी खतरा उत्पन्न हुआ। घटना के समय श्यामकाट के उचित दर विक्रेता दीपक पासवान, आपरेटर कृष्णदेव वरुण और गोरखनाथ गुप्ता भी मौके पर मौजूद थे।
यह भी पढ़ें- Indian Railway News: दो दिन बभनान रेलवे स्टेशन पर नहीं रुकेगी कोई भी ट्रेन, यात्री होंगे परेशान
वीडियो प्रसारित होने के बाद प्रशासन सक्रिय हुआ। नौतनवा थानाध्यक्ष पुरुषोत्तम राव ने बताया कि एईआरओ की तहरीर पर राजकुमार उर्फ राजन अधिवक्ता के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया गया है। अधिवक्ता की तरफ से भी तहरीर प्राप्त हुई है। जांच की जा रही है।
अधिवक्ता ने भी दी तहरीर, लगाए गंभीर आरोप
जासं, नौतनवा: घटना के बाद अधिवक्ता राजकुमार उर्फ राजन ने भी थाने में तहरीर देकर आपूर्ति निरीक्षक पर गंभीर आरोप लगाए हैं। अधिवक्ता का कहना है कि वह एसआइआर से जुड़े कागजात देने तहसील सभागार पहुंचे थे, जहां अधिकारी ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया। आरोप है, कि जातिसूचक शब्दों का प्रयोग किया गया, हाथापाई हुई और कागजात छीनकर फाड़ दिए गए, जिससे उन्हें अंदरूनी चोटें आईं। अधिवक्ता ने जान से मारने की धमकी का भी आरोप लगाते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है। पुलिस दोनों पक्षों की तहरीर के आधार पर मामले की विवेचना कर रही है। |
|