जापान के पूर्व प्रधानमंत्री शिंजो आबे की तस्वीर। फाइल फोटो
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। जापान के पूर्व प्रधानमंत्री शिंजो आबे की हत्या करने वाले व्यक्ति को उम्रकैद की सजा मिली है। जापान की एक अदालत ने बुधवार को आबे की हत्या पर सुनवाई के दौरान आरोपी आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
शिंजो आबे को जापान के सबसे प्रभावशाली राजनेताओं में से एक माना जाता था। 45 वर्षीय तेत्सुया यामागामी ने जुलाई 2022 में पश्चिमी शहर नारा में आबे के चुनावी भाषण के दौरान उनकी हत्या कर दी थी। यामागामी ने आबे के गले में गोली मारी थी, जिसके कारण उनकी मौत हो गई। इस घटना ने न सिर्फ जापान, बल्कि पूरी दुनिया को झकझोर दिया था।
यामागामी ने क्यों की आबे की हत्या?
45 वर्षीय यामागामी ने अक्टूबर में शुरू हुए मुकदमे में हत्या का जुर्म कबूल किया था। नारा जिला अदालत ने बुधवार को यामागामी को दोषी पाया और आजीवन कारावास की सजा सुनाई। यामागामी ने कहा कि उसने आबे की हत्या तब की जब उसने आबे के द्वारा यूनिफिकेशन चर्च से जुड़े एक समूह को भेजा गया वीडियो संदेश देखा था।
आरोपी ने कबूला गुनाह
यामागामी के अनुसार, उसका उद्देश्य उस चर्च को नुकसान पहुंचाना था, जिससे वह नफरत करता था और आबे के साथ उसके संबंधों को उजागर करना था। अभियोजकों ने यामागामी के लिए आजीवन कारावास की मांग की, जबकि उसके वकीलों ने 20 साल से अधिक की सजा न देने का अनुरोध किया था।
बता दें कि जापानी कानून हत्या के मामलों में मृत्युदंड का प्रविधान करता है, लेकिन अभियोजक आमतौर पर इसकी मांग तब तक नहीं करते जब तक कि कम से कम दो लोगों की हत्या न हुई हो। |