सांकेतिक तस्वीर।
राज्य ब्यूरो, जागरण, देहरादून। राज्य मंत्रिमंडल ने पेराई सत्र 2025-26 के लिए राज्य की चीनी मिलों द्वारा खरीदे जाने वाले गन्ने के राज्य परामर्शित मूल्य व गन्ना विकास अंशदान की दर तय कर दी है।
राज्य परामर्शी समिति की संस्तुति पर मुख्यमंत्री की स्वीकृति के बाद मंत्रिमंडल ने अगेती प्रजाति के गन्ने का मूल्य 405 रुपये प्रति क्विंटल तथा सामान्य प्रजाति का मूल्य 395 रुपये प्रति क्विंटल (मिल गेट पर) निर्धारित किया है।
इसके साथ ही बाह्य क्रय केंद्रों से मिल तक गन्ने के परिवहन पर होने वाले खर्च के लिए 11 रुपये प्रति क्विंंटल की कटौती तय की गई है, जबकि गन्ना विकास अंशदान (कमीशन) की दर पिछले सत्र की तरह 5.50 रुपये प्रति क्विंटल ही रखी गई है।
सरकार का मानना है कि इस निर्णय से गन्ना किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य मिलेगा और चीनी मिलों के साथ लेन-देन में संतुलन बना रहेगा।
विधानसभा में रखेंगे वार्षिक प्रतिवेदन
यूपीसीएल का वार्षिक वित्तीय प्रतिवेदन विधानसभा पटल पर रखा जाएगा मंत्रिमंडल ने ऊर्जा क्षेत्र में पारदर्शिता व जवाबदेही को मजबूत करने की दिशा में भी महत्वपूर्ण निर्णय लिया।
कंपनी अधिनियम, 2013 की धारा 395 (ई) के अनुपालन में पावर ट्रांसमिशन कारपोरेशन आफ उत्तराखंड लिमिटेड के वित्तीय वर्ष 2024-25 के वार्षिक वित्तीय प्रतिवेदन को विधान सभा के पटल पर रखे जाने का अनुमोदन किया गया।
इससे राज्य की विद्युत ट्रांसमिशन व्यवस्था की वित्तीय स्थिति और कार्यप्रणाली पर विधायी निगरानी सुनिश्चित हो सकेगी।
ब्रिडकुल बनाएगा टनल-पार्किंग
आधारभूत ढांचे के विकास को गति देने के लिए उत्तराखंड राज्य अवस्थापना विकास निगम (ब्रिडकुल) के कार्यक्षेत्र का विस्तार करने का फैसला मंत्रिमंडल ने लिया।
अब ब्रिडकुल को रोपवे, आटोमेटेड एवं मैकेनाइज्ड कार पार्किंग तथा टनल या कैविटी पार्किंग से संबंधित निर्माण कार्यों के लिए राज्य की कार्यदायी संस्थाओं की सूची में शामिल किया जाएगा।
सरकार के अनुसार इससे पर्वतीय और शहरी क्षेत्रों में यातायात, पार्किंग और पर्यटन से जुड़ी सुविधाओं का आधुनिक विकास संभव होगा।
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