पुलिस उसके बयान की जांच कर रही है, जबकि परिजनों का कहना है कि समय पर इलाज मिलता तो जान बच सकती थी।
जागरण संवाददाता, कठुआ। मोटरसाइकिल सवार चालक को टक्कर मारने के बाद आटो में डालकर ले जाने वाले चालक को गिरफ्तार कर लिया गया है। चालक ने टक्कर मारने के बाद घायल को अस्पताल पहुंचाने की जगह उसे सड़क किनारे फेंक दिया था।
पकड़े जाने पर चालक ने पुलिस को बताया कि अस्पताल पहुंचाने से पहले ही घायल की मौत हो गई थी। जिससे वह डर गया और शव को सड़क किनारे फेंक दिया। चालक की बातों पर पुलिस जांच कर रही है।
बता दें कि 10 जनवरी को नगरी क्षेत्र में मोटरसाइकिल सवार दो लोगों को एक आटो चालक ने टक्कर मार दी। इसमें नगरी का रहने वाला अर्जुन कुमार और केवल सिंह घायल हो गए। केवल सिंह को पुलिस ने अस्पताल पहुंचाया। जबकि अर्जुन कुमार को आटो में डाला गया और चालक को उसे अस्पताल पहुंचाने को कहा।
अस्पताल पहुंचाने की जगह आटो चालक गायब हो गया। पता चला कि अर्जुन जीएमसी पहुंचा ही नहीं। मामला पुलिस तक पहुंचा। जांच आगे बढ़ी तो दो दिन बाद राजबाग क्षेत्र से अर्जुन कुमार का शव सड़क किनारे बरामद हुआ। लेकिन आटो चालक का पता नहीं लग पाया। मामले की जांच कर रही पुूलिस ने सीसीटीवी के माध्यम से आटो चालक की पहचान की। जिसे गिरफ्तार कर लिया गया।
चालक का नाम अर्जुन कुमार का है जो कि चक देसा मरहीन का रहने वाला है। पकड़े जाने पर चालक ने बताया कि घायल की मौत हो गई थी। इसलिए डर के वह उसे अपनें क्षेत्र में ले गया और सड़क किनारे फेंक दिया। चालक के इस बयान की जांच की जा रही कि घायल की मौत कब हुई थी। हालांकि परिजनों का कहना है कि यदि घायल को वक्त पर अस्पताल पहुंचाया जाता तो उसकी जान बच सकती थी।
वहीं पुलिस ने इसे लेकर मामला दर्ज कर लिया है। मामले में आगे की जांच की जा रही है। बता देे कि मौत के बाद परिजनों ने जीएमसी के भीतर और बाहर हाइवे को बंद करके प्रदर्शन किया था। जिसके बाद पुलिस ने जांच तेज कर दी थी। |
|