इलाज के दौरान तोड़ा दम (प्रतीकात्मक चित्र)
डिजिटल डेस्क, जबलपुर। प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले के जुन्नारदेव में सामने आए बहुचर्चित लावारिस मिठाई कांड में मंगलवार सुबह एक और दर्दनाक खबर सामने आई। जिंदगी और मौत से जूझ रहे एक ही परिवार के चार सदस्यों में से 75 वर्षीय बुजुर्ग सुंदरलाल कचोरिया की इलाज के दौरान मौत हो गई। इस मामले में यह दूसरी मौत है, जिससे इलाके में दहशत और आक्रोश दोनों बढ़ गए हैं।
मिली जानकारी के अनुसार सुंदरलाल कचोरिया जिला अस्पताल में भर्ती थे, जहां मंगलवार तड़के उन्होंने दम तोड़ दिया। इससे पहले इसी मामले में पीएचई विभाग में पदस्थ एक चौकीदार की कथित तौर पर जिले के एक नामी निजी अस्पताल में मौत हो चुकी है।
लावारिस थैली रखने वाले का सुराग नहीं
घटना के बाद जिला प्रशासन के खाद्य अमले और स्थानीय पुलिस ने तेजी से कार्रवाई की, लेकिन अब तक तामिया मार्ग पर मिली लावारिस मिठाई की थैली रखने वाले व्यक्ति की पहचान नहीं हो सकी है। वहीं, मिठाई के स्रोत का पता लगाना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ है।
साजिश के एंगल से जांच तेज
मामले का सबसे अहम सवाल यह है कि क्या मिठाई से भरी थैली किसी खास मकसद से जानबूझकर रखी गई थी। जिस तरह से इस घटना में मौतें हुई हैं, उससे किसी सुनियोजित साजिश की आशंका गहराती जा रही है।
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स्थानीय नहीं थी मिठाई, बढ़ा शक
जांच में यह भी सामने आया है कि डिब्बे में पाई गई मिठाई का न तो स्थानीय स्तर पर निर्माण होता है और न ही क्षेत्र में इसका आम तौर पर विक्रय किया जाता है। इसके अलावा मिठाई के डिब्बे और थैली पर किसी भी दुकान या प्रतिष्ठान का नाम दर्ज नहीं होना भी संदेह को और मजबूत कर रहा है। आशंका जताई जा रही है कि यह मिठाई किसी दूसरे शहर के बाजार से लाकर किसी विशेष उद्देश्य से यहां रखी गई हो। |
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