रविवार को महिला की तबीयत खराब हाेने के बाद इलाज के लिए अस्पताल ले जाते परिजन।
जागरण संसू, चंदवारा (कोडरमा)। कोडरमा जिले के चंदवारा थाना क्षेत्र अंतर्गत करोंजिया गांव में एक परिवार की आपसी कलह ने जानलेवा मोड़ ले लिया। सास और सौतेली बहू के बीच हुए विवाद के बाद 37 वर्षीय स्वीटी देवी की विषपान (जहर खाने) से मौत हो गई। इस घटना ने गांव में सनसनी फैला दी है, वहीं मृतका के परिजनों द्वारा बार-बार बदले जा रहे बयानों ने मामले को और भी रहस्यमयी बना दिया है।
विवाद के बाद बिगड़ी हालत मिली जानकारी के अनुसार, स्वीटी देवी (पति- बद्री यादव) का अपनी सौतेली बहू के साथ किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। विवाद के कुछ समय बाद स्वीटी देवी की तबीयत बिगड़ने लगी। स्थानीय लोगों और परिजनों की मदद से उन्हें तुरंत झुमरी तिलैया के एक निजी क्लीनिक ले जाया गया, जहाँ चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
जहर देने का आरोप और फिर पलट गया बयान
इस मामले में पुलिस को दो अलग-अलग पक्ष देखने को मिले, जिसने कानूनी कार्रवाई को पेचीदा बना दिया है:
- पहला आरोप: घटना के तुरंत बाद मृतका की मां, यशोदा देवी ने थाने में लिखित आवेदन देकर अपनी सौतेली नातिन (बहू) पर स्वीटी के खाने में जहर मिलाकर हत्या करने का गंभीर आरोप लगाया।
- बदला हुआ बयान: शुरुआती शिकायत के कुछ ही घंटों बाद, परिजनों ने पुलिस को दूसरा आवेदन सौंपा। इसमें उन्होंने पहले के दावों को बदलते हुए कहा कि स्वीटी देवी मानसिक रूप से विक्षुप्त थीं और इसी कारण उन्होंने खुद विषपान कर लिया।
मृतका का पारिवारिक पृष्ठभूमि ग्रामीणों के अनुसार, मृतका स्वीटी देवी बद्री यादव की दूसरी पत्नी थी। बद्री यादव की पहली पत्नी की करीब 10 साल पहले सांप के काटने से मौत हो गई थी। पहली पत्नी से उनके तीन पुत्रियां और एक पुत्र हैं। पहली पत्नी की मौत के बाद बद्री ने स्वीटी देवी से शादी की थी, हालांकि इस दंपती की अपनी कोई संतान नहीं थी।
पुलिसिया कार्रवाई
सूचना मिलते ही चंदवारा थाना प्रभारी शशिभूषण कुमार ने पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल, कोडरमा भेजा। थाना प्रभारी ने बताया कि परिजनों द्वारा दिए गए दूसरे आवेदन के बाद शव को अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंप दिया गया, जिसके बाद करोंजिया गांव में मृतका का अंतिम संस्कार किया गया। |