दूषित जल पीने को मजबूर 36 राजस्व गांवों की 30 हजार की आबादी।
संवाद सूत्र, जगतपुर (रायबरेली)। हर घर शुद्ध जल की आपूर्ति के लिए जल जीवन मिशन के तहत 17 करोड़ की लागत से 10 नलकूप और दो पानी की टंकियों का निर्माण जल निगम की ओर से कराया गया। करीब 200 किलोमीटर लंबी पाइप लाइन बिछाई गई। दस हजार घरों में शुद्ध पेयजल पहुंचाने की जिम्मेदारी जल निगम को सौंपी गई। वर्तमान समय में पानी की टंकियां शोपीस बनकर रह गई। ग्रामीण दूषित जल पीने को मजबूर है।
विकासखंड की 16 ग्राम सभाओं के 36 राजस्व गांवों की लगभग 30 हजार आबादी शुद्ध पेयजल के लिए परेशानी का सामना कर रही है। क्षेत्र के अलग-अलग दस स्थानों पर नलकूपों का निर्माण कराया गया। बैरीहार व शंकरपुर गांव में पानी की टंकी का निर्माण कराया गया।
इससे नवाबगंज, जगतपुर जोगमगदीपुर, सान्हूकुआं, बेनी कामा, बेनीकोपा, जोग पट्टी केशव,टांघन, रोझइया गोकुलपुर, जिंगना, जढैया, पूरे झाम, भीखम शाह, पूरब गांव, रामगढ़ टिकरिया, हरपुर हल्ला, परशुरामपुर, दौलतपुर, ठेकहाई,धोबहा, हेवतहा, नेवढ़िया, भीख सिद्धौर, उमरी, उड़वा, भट पुरवा, बिछियावादी, सिंगापुर, भटौली, गोवर्धनपुर, वैरीहार, शंकरपुर गांव को शुद्ध पेयजल की आपूर्ति होनी है। वैरीहार, शंकरपुर में चार चार और जगतपुर में दो नलकूपों का निर्माण कराया गया।
ग्रामीण धर्मेश कुमार, नीरज कुमार, राम शंकर, राजन, सुरेंद्र कुमार, अनिल कुमार, पवन कुमार, राजेश कुमार ने बताया है कि कस्बे में बनाई गई पानी की टंकी से शुद्ध पेयजल की आपूर्ति नही होती है।
शंकरपुर व बैरीहार में टंकी का निर्माण होने के बाद शुद्ध पेयजल मिलने की आस जगी, लेकिन चार साल बीत जाने के बाद भी शुद्ध पेयजल नहीं मिल सका। टेस्टिंग के दौरान ही गांव में बनाई गई पाइपलाइन जगह-जगह फट गई। इससे लोगों को शुद्ध पेयजल नहीं मिल रहा है।
जल निगम के अवर अभियंता धीरज कुमार ने बताया है कि निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। टेस्टिंग का कार्य चल रहा है। एनएचएआ की वजह से कुछ स्थानों पर सड़क पार करने में दिक्कत आ रही है। जल्द ही शुद्ध पेयजल की आपूर्ति करवाई जाएगी। |