झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी। (फाइल फोटो)
जागरण संवाददाता, जामताड़ा। जामताड़ा जिले में तथाकथित डिजिटल पत्रकारिता की आड़ में जनभावनाओं को गुमराह करने और जनप्रतिनिधियों की छवि धूमिल करने की साजिश का एक गंभीर मामला सामने आया है। यूट्यूब एवं सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर सक्रिय व्यक्ति के विरुद्ध जामताड़ा थाना में गंभीर आपराधिक धाराओं के अंतर्गत प्राथमिकी दर्ज की गई है।
प्राथमिकी में उल्लेख है कि आरोपित द्वारा पूर्व में भी झारखंड के लोकप्रिय मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, कल्पना सोरेन जी व पंकज मिश्रा जी के विरुद्ध लगातार अमर्यादित, अपमानजनक एवं तथ्यहीन बयान सार्वजनिक मंचों और डिजिटल माध्यमों पर दिए जाते रहे हैं।
इन बयानों से न केवल जनभावनाएं आहत हुईं बल्कि सामाजिक सौहार्द और लोकतांत्रिक व्यवस्था को भी ठेस पहुंचाने का प्रयास किया गया। इसी क्रम में अब राज्य के लोकप्रिय मंत्री डा. इरफान अंसारी के विरुद्ध भी सुनियोजित तरीके से मनगढ़ंत, भ्रामक एवं दुर्भावनापूर्ण प्रचार सोशल मीडिया और यूट्यूब चैनलों के माध्यम से लगातार किया जा रहा था।
आरोप है कि तथाकथित पत्रकारिता की आड़ में आरोपित द्वारा धन की मांग करते हुए अपमानजनक भाषा का प्रयोग किया गया और ऐसे वीडियो प्रसारित किए गए, जिनका उद्देश्य मंत्री की सामाजिक और राजनीतिक प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाना था।
इस निरंतर दुष्प्रचार से आक्रोशित होकर बड़ी संख्या में आम नागरिकों एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं ने जामताड़ा थाना पहुंचकर विधिसम्मत रूप से शिकायत दर्ज कराई। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए विधिसम्मत एवं निष्पक्ष जांच की जा रही है और आरोपी से जुड़े इलेक्ट्रानिक और डिजिटल साक्ष्यों का गहन संकलन किया जा रहा है।
इस पूरे प्रकरण को लेकर थाना परिसर में कार्यकर्ताओं द्वारा शांतिपूर्ण धरना भी दिया गया, जिस पर पुलिस अधीक्षक ने स्वयं संज्ञान लेते हुए भरोसा दिलाया कि यह स्पष्ट रूप से एक सुनियोजित प्रयास है, जिसके माध्यम से माननीय स्वास्थ्य मंत्री की छवि को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की गई है।
जिला प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि मामले की जांच के लिए विशेष टीम गठित की जा रही है और दोष सिद्ध होने पर आरोपी के विरुद्ध कानून के तहत कठोर से कठोर कार्रवाई की जाएगी। |