Katra Chamunda Mandir Tourism: यह परिसर माता सती के चरण गिरने और चंड-मुंड वध से जुड़ा हुआ माना जाता है। फाइल फोटो
जागरण संवाददाता, मुजफ्फरपुर। Muzaffarpur Tourist Places:मुजफ्फरपुर जिले की पहचान अब केवल लीची और व्यापार तक सीमित नहीं रहेगी। आने वाले दिनों में यहां के धार्मिक और प्राकृतिक स्थल जिले को पर्यटन मानचित्र पर नई पहचान दिलाने की ओर बढ़ रहे हैं। कटरा का प्रसिद्ध चामुंडा मंदिर, मुशहरी स्थित मणिका मन और पारू का फुलेश्वर नाथ मंदिर अब आधुनिक पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित किए जाएंगे।
पर्यटन विभाग से स्वीकृति मिलने के बाद जिला प्रशासन ने इन स्थलों के विकास की दिशा में ठोस पहल शुरू कर दी है। इसका उद्देश्य केवल धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देना ही नहीं, बल्कि स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और आय के नए स्रोत भी तैयार करना है।
मणिका मन बनेगा आधुनिक पर्यटन केंद्र
मुशहरी प्रखंड में स्थित मणिका मन करीब 124 एकड़ क्षेत्र में फैला हुआ है। यह स्थल प्राकृतिक सुंदरता और शांत वातावरण के लिए जाना जाता है। यहां नौका विहार, चिल्ड्रेन पार्क, वॉकिंग ट्रैक और फूड कियोस्क जैसी सुविधाएं विकसित की जा रही हैं।
इन सुविधाओं के शुरू होने के बाद मणिका मन न केवल स्थानीय लोगों, बल्कि आसपास के जिलों से आने वाले पर्यटकों के लिए भी आकर्षण का केंद्र बनेगा। इससे होटल, परिवहन और छोटे व्यवसायों को भी बढ़ावा मिलेगा।
आस्था और इतिहास का संगम: चामुंडा मंदिर
कटरा स्थित चामुंडा मंदिर धार्मिक और ऐतिहासिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण स्थल है। लगभग 80 एकड़ में फैला यह परिसर माता सती के चरण गिरने और चंड-मुंड वध से जुड़ा हुआ माना जाता है।
राज्य सरकार इसे प्रमुख पर्यटक स्थल के रूप में विकसित कर रही है। यहां सड़क, प्रकाश व्यवस्था, पेयजल, शौचालय, विश्राम गृह और पार्किंग जैसी आधारभूत सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। इससे श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी और क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियां भी बढ़ेंगी।
फुलेश्वर नाथ और गरीबनाथ भी बनेंगे आकर्षण
पारू प्रखंड स्थित फुलेश्वर नाथ मंदिर को भी पर्यटन विभाग ने विकसित करने की स्वीकृति दे दी है। वहीं, जिले के प्रसिद्ध बाबा गरीबनाथ मंदिर को भी आधुनिक सुविधाओं से लैस करने की योजना है।
इन मंदिरों के विकास से धार्मिक पर्यटन को नई गति मिलेगी और सावन तथा महाशिवरात्रि जैसे अवसरों पर आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर व्यवस्था मिलेगी।
शिव सर्किट से जुड़ेगा आनंद भैरव मंदिर
औराई स्थित बाबा आनंद भैरव मंदिर को राज्य सरकार की शिव सर्किट योजना से जोड़ा जा रहा है। इसके तहत मंदिर परिसर का सौंदर्यीकरण, सड़क संपर्क और यात्री सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा।शिव सर्किट से जुड़ने के बाद यह स्थल राज्य स्तर पर अपनी पहचान बना सकेगा।
रोजगार और विकास की नई राह
इन सभी पर्यटन परियोजनाओं का सबसे बड़ा लाभ स्थानीय युवाओं को मिलेगा। गाइड, नाविक, दुकानदार, होटल कर्मचारी और परिवहन सेवाओं से जुड़े लोगों के लिए रोजगार के नए अवसर खुलेंगे।जिला प्रशासन के अनुसार, पर्यटन विकास से राजस्व में वृद्धि होगी और जिले की सामाजिक-आर्थिक स्थिति मजबूत होगी।
बदलेगा मुजफ्फरपुर का भविष्य
कटरा से लेकर मणिका मन तक चल रही यह विकास यात्रा मुजफ्फरपुर के भविष्य को नई दिशा दे सकती है। यदि योजनाएं समय पर पूरी होती हैं, तो आने वाले वर्षों में यह जिला उत्तर बिहार का एक प्रमुख पर्यटन केंद्र बन सकता है। आस्था, प्रकृति और आधुनिक सुविधाओं का यह संगम मुजफ्फरपुर को विकास की नई ऊंचाइयों तक ले जाने की क्षमता रखता है। |