search

SIR Phase 3: देश के 16 राज्यों और तीन केंद्र शासित ...

deltin55 1970-1-1 05:00:00 views 76

नई दिल्‍ली। चुनाव आयोग ने मतदाता सूची को अधिक सटीक और अद्यतन बनाने के लिए विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision-SIR) के तीसरे चरण की घोषणा कर दी है। इस चरण में देश के 16 राज्यों और तीन केंद्र शासित प्रदेशों में मतदाता सूची का व्यापक सत्यापन किया जाएगा। आयोग का कहना है कि यह अभियान जनगणना के तहत चल रही गृह-सूचीकरण प्रक्रिया के साथ समन्वय बनाकर संचालित किया जाएगा ताकि जमीनी स्तर पर काम करने वाली व्यवस्थाओं का बेहतर उपयोग हो सके।




36 करोड़ से ज्यादा मतदाताओं का होगा सत्यापन

चुनाव आयोग के मुताबिक तीसरे चरण के दौरान करीब 36.73 करोड़ मतदाताओं का घर-घर जाकर सत्यापन किया जाएगा। इसके लिए 3.94 लाख से अधिक बूथ स्तरीय अधिकारियों (BLO) की तैनाती की जाएगी। ये अधिकारी मतदाताओं के पते, पहचान और अन्य जानकारियों की पुष्टि करेंगे। आयोग का मानना है कि इस प्रक्रिया से फर्जी, मृत या स्थानांतरित मतदाताओं के नाम हटाने और पात्र नागरिकों को सूची में शामिल करने में मदद मिलेगी।




किन राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में होगा अभियान

एसआईआर के तीसरे चरण में कई बड़े और राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण राज्यों को शामिल किया गया है। इनमें दिल्ली, महाराष्ट्र, पंजाब, आंध्र प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश, हरियाणा, झारखंड, कर्नाटक, मणिपुर, नागालैंड, मेघालय, मिजोरम, ओडिशा, सिक्किम, त्रिपुरा, तेलंगाना और उत्तराखंड शामिल हैं।
इसके अलावा चंडीगढ़, दमन और दीव तथा दादरा और नगर हवेली जैसे केंद्र शासित प्रदेश भी इस अभियान का हिस्सा होंगे। चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि दिल्ली में विशेष पुनरीक्षण प्रक्रिया के बाद अंतिम मतदाता सूची 7 अक्टूबर को प्रकाशित की जाएगी।




राजनीतिक दलों की भी रहेगी भागीदारी

आयोग ने बताया कि इस पूरी प्रक्रिया में राजनीतिक दलों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। पहले दो चरणों की तरह तीसरे चरण में भी विभिन्न दलों द्वारा नियुक्त बूथ लेवल एजेंट (BLA) अभियान में सहयोग करेंगे। इससे पारदर्शिता बढ़ेगी और मतदाता सूची को लेकर किसी भी तरह के विवाद की संभावना कम होगी।
पहले दो चरणों में क्या हुआ

चुनाव आयोग ने इससे पहले एसआईआर के दो चरण पूरे किए हैं। शुरुआती दो चरणों में कुल 13 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को शामिल किया गया था, जहां करीब 59 करोड़ मतदाताओं का सत्यापन किया गया। इन चरणों में 6.3 लाख से अधिक बीएलओ और करीब 9.2 लाख बीएलए ने हिस्सा लिया था। पहले चरण में केवल बिहार में विशेष गहन पुनरीक्षण किया गया था। इसके बाद दूसरे चरण की शुरुआत 4 नवंबर 2025 से हुई थी। दूसरे चरण में छत्तीसगढ़, गोवा, गुजरात, केरल, मध्य प्रदेश, राजस्थान, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल सहित नौ राज्यों में यह प्रक्रिया चलाई गई थी। इसके अलावा पुदुचेरी, लक्षद्वीप और अंडमान-निकोबार द्वीप समूह जैसे केंद्र शासित प्रदेश भी इसमें शामिल थे।




चुनावी राज्यों पर विशेष फोकस

दूसरे चरण में उन राज्यों को भी प्राथमिकता दी गई थी जहां आगामी समय में विधानसभा चुनाव होने हैं। तमिलनाडु, केरल, पश्चिम बंगाल और पुदुचेरी जैसे राज्यों में एसआईआर को विशेष महत्व दिया गया। आयोग का उद्देश्य चुनाव से पहले मतदाता सूची को पूरी तरह अपडेट करना है ताकि मतदान प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी रह सके।
हिमाचल, जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में बाद में होगा पुनरीक्षण

चुनाव आयोग ने कहा है कि तीसरा चरण पूरा होने के बाद देश के अधिकांश हिस्सों में एसआईआर प्रक्रिया समाप्त हो जाएगी। हालांकि हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में यह अभियान बाद में चलाया जाएगा। आयोग के अनुसार इन क्षेत्रों में बर्फबारी और कठिन मौसम को ध्यान में रखते हुए अलग कार्यक्रम घोषित किया जाएगा।

मतदाता सूची को शुद्ध बनाने पर जोर

चुनाव आयोग लगातार यह कोशिश कर रहा है कि देश की मतदाता सूची पूरी तरह सटीक और अद्यतन रहे। आयोग का मानना है कि समय-समय पर विशेष गहन पुनरीक्षण से चुनाव प्रक्रिया की विश्वसनीयता मजबूत होती है। घर-घर सत्यापन अभियान के जरिए नए मतदाताओं को जोड़ने और गलत प्रविष्टियों को हटाने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।






Editorial Team



SIR Phase 3SIR NewsElection CommissionSpecial Intensive Revisionelectoral rolls updated









Next Story
like (0)
deltin55administrator

Post a reply

loginto write comments
deltin55

He hasn't introduced himself yet.

410K

Threads

12

Posts

1410K

Credits

administrator

Credits
147865