search

Raviwar Puja Tips: रविवार के दिन ऐसे करें भगवान सूर्य की पूजा, सरकारी नौकरी के बनेंगे योग

Chikheang 1 hour(s) ago views 123
  

Raviwar Puja Tips: रविवार के दिन करें ये आरती। (Ai Generated Image)



धर्म डेस्क, नई दिल्ली। हिंदू धर्म में सूर्य देव को प्रत्यक्ष देवता माना गया है, क्योंकि हम साक्षात उनके दर्शन कर सकते हैं। रविवार का दिन सूर्य देव को समर्पित है। अगर आप लंबे समय से सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे हैं या करियर में उच्च पद की इच्छा रखते हैं, तो रविवार के दिन उनकी विधिवत पूजा करें, अर्घ्य दें और अंत में भाव के साथ आरती करें।

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, सूर्य की कृपा के बिना व्यक्ति को प्रशासनिक सेवाओं या उच्च पदों पर सफलता प्राप्त करना कठिन होता है। आइए सूर्य पूजन (Raviwar Puja Tips) के नियम जानते हैं -
पूजा विधि (Puja Rituals)

  • रविवार के दिन सूर्योदय से पहले उठें।
  • स्नान के बाद तांबे के लोटे में जल, लाल चंदन, अक्षत और लाल फूल डालकर सूर्य देव को अर्घ्य दें।
  • अर्घ्य देते समय \“ॐ सूर्याय नमः\“ मंत्र का जप करें।
  • अगर आप प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता चाहते हैं, तो अर्घ्य के बाद \“आदित्य हृदय स्तोत्र\“ का पाठ जरूर करें। भगवान राम ने भी रावण पर विजय पाने के लिए इसका पाठ किया था।
  • पूजा के समय लाल कपड़े पहनें।
  • पूजा का समापन आरती से करें।

।।भगवान सूर्य देव की आरती।। (Bhagwan Surya Dev Ji Ki Aarti)

  

Ai Generated Image

ॐ जय सूर्य भगवान, जय हो दिनकर भगवान।

जगत् के नेत्रस्वरूपा, तुम हो त्रिगुण स्वरूपा।

धरत सब ही तव ध्यान, ॐ जय सूर्य भगवान।।

।।ॐ जय सूर्य भगवान...।।

सारथी अरुण हैं प्रभु तुम, श्वेत कमलधारी। तुम चार भुजाधारी।।

अश्व हैं सात तुम्हारे, कोटि किरण पसारे। तुम हो देव महान।।

।।ॐ जय सूर्य भगवान...।।

ऊषाकाल में जब तुम, उदयाचल आते। सब तब दर्शन पाते।।

फैलाते उजियारा, जागता तब जग सारा। करे सब तब गुणगान।।

।।ॐ जय सूर्य भगवान...।।

संध्या में भुवनेश्वर अस्ताचल जाते। गोधन तब घर आते।।

गोधूलि बेला में, हर घर हर आंगन में। हो तव महिमा गान।।

।।ॐ जय सूर्य भगवान...।।

देव-दनुज नर-नारी, ऋषि-मुनिवर भजते। आदित्य हृदय जपते।।

स्तोत्र ये मंगलकारी, इसकी है रचना न्यारी। दे नव जीवनदान।।

।।ॐ जय सूर्य भगवान...।।

तुम हो त्रिकाल रचयिता, तुम जग के आधार। महिमा तब अपरम्पार।।

प्राणों का सिंचन करके भक्तों को अपने देते। बल, बुद्धि और ज्ञान।।

।।ॐ जय सूर्य भगवान...।।

भूचर जलचर खेचर, सबके हों प्राण तुम्हीं। सब जीवों के प्राण तुम्हीं।।

वेद-पुराण बखाने, धर्म सभी तुम्हें माने। तुम ही सर्वशक्तिमान।।

।।ॐ जय सूर्य भगवान...।।

पूजन करतीं दिशाएं, पूजे दश दिक्पाल। तुम भुवनों के प्रतिपाल।।

ऋतुएं तुम्हारी दासी, तुम शाश्वत अविनाशी। शुभकारी अंशुमान।।

।।ॐ जय सूर्य भगवान...।।

ॐ जय सूर्य भगवान, जय हो दिनकर भगवान।

जगत् के नेत्रस्वरूपा, तुम हो त्रिगुण स्वरूपा।स्वरूपा।।

धरत सब ही तव ध्यान, ॐ जय सूर्य भगवान।।

यह भी पढ़ें- Surya Dev Puja Tips: इस नियम से करें भगवान सूर्य की आरती, धन-धान्य में होगी वृद्धि

अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है।
like (0)
ChikheangForum Veteran

Post a reply

loginto write comments
Chikheang

He hasn't introduced himself yet.

510K

Threads

0

Posts

1610K

Credits

Forum Veteran

Credits
165874