ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर के बाहर पत्थरों की सफाई के लिए लगाई गई पाड़।
संवाद सहयोगी, जागरण, वृंदावन। ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर निर्माण के करीब 170 वर्ष बाद जब लाल पत्थरों पर गंदगी जमा हो चुकी है, तो मंदिर उच्चाधिकार प्राप्त प्रबंधन समिति के निर्देश पर पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग ने मंदिर के पत्थरों की साफ-सफाई का काम शुरू कर दिया है।
ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर उच्चाधिकार प्राप्त प्रबंधन समिति ने ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर परिसर में लगे लाल पत्थरों की साफ-सफाई का काम शुरू कर दिया है।
मंगलवार रात पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग की टीम ने मंदिर चबूतरे पर पाड़ लगाकर पत्थरों की साफ-सफाई का काम शुरू कर दिया। दिन और रात में अब मजदूर पत्थरों की साफ-सफाई करेंगे।
करीब 170 वर्ष पुराने मंदिर के पत्थरों का रंग काला पड़ चुका था और कई जगहों से पत्थर झरने लगे थे। इसे लेकर मंदिर उच्चाधिकार प्राप्त प्रबंधन समिति ने बैठक में चिंता जताते हुए इन पत्थरों की सफाई करवाने एवं पैचवर्क करवाने का निर्णय लिया।
इसकी जिम्मेदारी पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग को दी। विभाग के अधिकारियों के निर्देश पर कर्मचारियों ने मंगलवार की रात से पत्थरों की सफाई का काम शुरू कर दिया।
समिति के सदस्य दिनेश गोस्वामी ने बताया समिति के निर्देश पर पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग ने पत्थरों की साफ-सफाई का काम शुरू कर दिया है। |
|