Indian Skin पर सनस्क्रीन भी क्यों हो जाती है बेअसर? (Image Source: AI-Generated)
लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। आजकल हर कोई त्वचा की देखभाल को लेकर बहुत जागरूक हो गया है। सेलिब्रिटीज और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स की सलाह पर सनस्क्रीन का इस्तेमाल भी पहले से ज्यादा बढ़ गया है। यह बिल्कुल सच है कि सनस्क्रीन हमें सूरज की हानिकारक यूवी किरणों (UV rays) से बचाती है, पिगमेंटेशन रोकती है और झुर्रियों को कम करती है, लेकिन अगर आप यह सोचते हैं कि सनस्क्रीन लगाने से आपकी स्किन कभी टैन नहीं होगी, तो यह आपकी एक बड़ी गलतफहमी है। स्किनकेयर एक्सपर्ट डॉ. श्रेया सांखे ने हाल ही में इस मिथक (Tanning Despite Sunscreen) को तोड़ा है और इंडियन स्किन पर सनस्क्रीन के असली असर को समझाया है। आइए जानते हैं। View this post on Instagram
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सनस्क्रीन से क्यों नहीं रुकती टैनिंग?
डॉ. श्रेया के अनुसार, अगर आप एक ऐसे व्यक्ति हैं जिसे बाहर घूमना, तैरना या धूप में चलना पसंद है, तो टैनिंग होना इस सफर का ही एक हिस्सा है। सनस्क्रीन लगाने के बाद भी टैनिंग होने का मतलब यह नहीं है कि प्रोडक्ट काम नहीं कर रहा है।
सनस्क्रीन का असली काम आपकी त्वचा की सुरक्षा करना है, न कि मेलेनिन के नेचुरल काम को रोकना। जब आप लंबी अवधि के लिए धूप में रहते हैं, तो पसीने, पानी और धूल-मिट्टी के कारण टैनिंग होना स्वाभाविक है, खासकर उन लोगों के लिए जिनकी त्वचा का रंग सांवला या गहरा भूरा है।
सोशल मीडिया और हकीकत का फर्क
डॉक्टर ने लोगों को उन इन्फ्लुएंसर्स से सावधान रहने की सलाह दी है जो दावा करते हैं कि सनस्क्रीन लगाने से उन्हें बिल्कुल टैनिंग नहीं हुई। उन्होंने बताया कि हमें दो चीजों पर गौर करना चाहिए:
क्या उस इन्फ्लुएंसर की त्वचा पहले से ही बहुत गोरी है? गोरी त्वचा पर टैनिंग बहुत कम या न के बराबर दिखाई देती है, जिसकी तुलना सांवली स्किन से नहीं की जा सकती।
अगर उनकी त्वचा सांवली है और फिर भी वे \“नो टैन\“ का दावा कर रहे हैं, तो संभव है कि वे सिर्फ अपनी सनस्क्रीन बेचने की कोशिश कर रहे हैं, पूरी सच्चाई नहीं बता रहे।
(Image Source: AI-Generated)
असल में क्या करती है सनस्क्रीन?
यह जानना बहुत जरूरी है कि सनस्क्रीन आपकी त्वचा के लिए क्या कर सकती है और क्यी नहीं:
- सनबर्न से बचाती है
- लंबे समय तक होने वाले स्किन डैमेज को कम करती है
- आपकी स्किन के बैरियर को प्रोटेक्ट करती है
- पिगमेंटेशन को बदतर होने से रोकती है
- इसके रेगुलर इस्तेमाल से एजिंग साइन्स कम हो जाते हैं
ध्यान रहे, यह आपकी नेचुरल स्किन टोन को फ्रीज नहीं कर सकती। जी हां, तेज धूप और आउटडोर एक्टिविटीज के दौरान सनस्क्रीन टैनिंग को पूरी तरह नहीं रोक सकती है।
डॉ. सांखे ने सलाह दी है कि टैनिंग के डर से धूप में निकलना बंद न करें। धूप में निकलते समय सनस्क्रीन को बार-बार लगाएं, हो सके तो शरीर को कपड़ों से ढकें और खुद को हाइड्रेटेड रखें।
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Disclaimer: लेख में उल्लिखित सलाह और सुझाव सिर्फ सामान्य सूचना के उद्देश्य के लिए हैं और इन्हें पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। कोई भी सवाल या परेशानी हो तो हमेशा डर्मेटोलॉजिस्ट से सलाह लें। |
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