जागरण संवाददाता, पटना। Bihar Direct Bus Service बिहार से उत्तर भारत के बड़े राज्यों की यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए बड़ी राहत की खबर है। होली के बाद बिहार से पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और राजस्थान के लिए सीधी सरकारी बस सेवा शुरू होने जा रही है। इससे ट्रेन टिकट नहीं मिलने की परेशानी से जूझ रहे लोगों को एक बेहतर विकल्प मिलेगा।
150 बसों के संचालन की तैयारी, खरीद प्रक्रिया शुरू
राज्य सरकार की योजना के तहत कुल 150 नई बसों का संचालन किया जाएगा। इन बसों की खरीद और अंतरराज्यीय परिवहन समझौते की प्रक्रिया तेज कर दी गई है।
बसों का संचालन बिहार राज्य पथ परिवहन निगम (बीएसआरटीसी) के माध्यम से किया जाएगा। कुछ बसें पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मॉडल पर भी चलाई जाएंगी।
दिल्ली के लिए सबसे ज्यादा बसें चलाने की योजना
प्रस्तावित योजना के अनुसार दिल्ली के लिए सबसे अधिक बसें चलाई जाएंगी। फरबिसगंज, किशनगंज, पूर्णिया, मुजफ्फरपुर, सीतामढ़ी, बेतिया, मोतिहारी, छपरा, गोपालगंज और बिहारशरीफ जैसे जिलों से दिल्ली के लिए सीधी बस सेवा शुरू होगी।
गुरुग्राम दूसरे प्रमुख गंतव्य के रूप में शामिल रहेगा।
अभी अस्थायी, बाद में स्थायी बस सेवा
वर्तमान में होली और छठ जैसे बड़े पर्वों को देखते हुए अस्थायी बस सेवा की अनुमति दी गई है। अभी साल में केवल दो बार पटना से अंतरराज्यीय बसों का संचालन होता है।
आने वाले समय में इन राज्यों के साथ स्थायी बस सेवा शुरू करने के लिए समझौता और अन्य प्रक्रियाएं पूरी की जा रही हैं।
15 जिलों से दिल्ली के लिए सीधी कनेक्टिविटी
बीएसआरटीसी और परिवहन विभाग 15 जिलों से दिल्ली के लिए स्थायी बस सेवा शुरू करने की तैयारी में है।
इसमें पटना, दरभंगा, मधुबनी, आरा जैसे बड़े शहर शामिल हैं। इससे उत्तर बिहार और मध्य बिहार के यात्रियों को राजधानी दिल्ली तक सीधी सुविधा मिलेगी।
ट्रेन में रिजर्वेशन नहीं मिलने पर बस बनेगी विकल्प
अक्सर त्योहारों के दौरान ट्रेनों में सीट नहीं मिलने से यात्रियों को भारी परेशानी होती है। अब सीधी बस सेवा शुरू होने से लोग दिल्ली, गुरुग्राम, लुधियाना जैसे शहरों तक आरामदायक यात्रा कर सकेंगे। इससे भीड़भाड़ और अव्यवस्था में कमी आने की उम्मीद है।
उत्तर भारत के बड़े शहरों से सीधा जुड़ाव
नई बस सेवा से बिहार का सीधा जुड़ाव पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और राजस्थान के प्रमुख शहरों से होगा। खासकर मजदूर, छात्र और नौकरीपेशा लोगों के लिए यह सेवा बेहद उपयोगी साबित होगी, जो नियमित रूप से इन राज्यों में आते-जाते हैं।
अन्य राज्यों से पहले से है समझौता
बिहार सरकार का झारखंड, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, उत्तर प्रदेश और छत्तीसगढ़ के साथ पहले से अंतरराज्यीय बस सेवा समझौता है। इन राज्यों के लिए पटना सहित कई शहरों से सीधी बस सेवाएं संचालित की जा रही हैं। अब उत्तर भारत के अन्य राज्यों को भी इसमें जोड़ा जा रहा है।
कोलकाता और सिलीगुड़ी के लिए भी बस सेवा
बीएसआरटीसी पश्चिम बंगाल के कोलकाता और सिलीगुड़ी के लिए पहले से स्थायी बस सेवा का संचालन कर रही है। यात्रियों की बढ़ती मांग को देखते हुए इन रूटों पर भी बसों की संख्या बढ़ाई जा सकती है।
यात्रियों को मिलेगा सस्ता और सुरक्षित सफर
सरकारी बस सेवा शुरू होने से यात्रियों को निजी बसों की मनमानी किराया वसूली से राहत मिलेगी। साथ ही, तय समय-सारणी, सुरक्षित यात्रा और उचित किराया जैसी सुविधाएं मिलेंगी। सरकार का मानना है कि यह कदम राज्य के यात्रियों के हित में एक बड़ा सुधार साबित होगा।
राज्य के परिवहन नेटवर्क को मिलेगी मजबूती
नई अंतरराज्यीय बस सेवाओं से बिहार का परिवहन नेटवर्क और मजबूत होगा। इससे न सिर्फ यात्रियों को सुविधा मिलेगी, बल्कि राज्य की आर्थिक और सामाजिक कनेक्टिविटी भी बेहतर होगी। |