cy520520 • 2025-12-8 14:41:18 • views 1095
सेक्टर 14 ए के पास चिल्ला एलिवेटेड रोड का चल रहा है निर्माण कार्य। जागरण
कुंदन तिवारी, नोएडा। दिल्ली-नोएडा बार्डर से महामाया फ्लाईओवर तक यातायात जाम कम करना के उद्देश्य से नोएडा प्राधिकरण चिल्ला रेगुलेटर से शहदरा ड्रेन के किनारे 5.5 किलोमीटर लंबा छह लेन का चिल्ला एलिवेटेड रोड (Chilla elevated road) का निर्माण करा रहा है। विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें
इस निर्माण ने अब रफ्तार पकड़ ली है, उम्मीद जताई जा रही है कि निर्धारित समय सीमा (दिसंबर 2027) से पहले एलिवेटेड रोड पर वाहन फर्राटा भर सकते है, क्योंकि एलिवेटेड रोड निर्माण में की जाने वाली पिलर पाइलिंग व कैप का काम 35 प्रतिशत पूरा कर लिया गया है।
नोएडा एयरपोर्ट तक आना जाना होगा आसान
इस निर्माण से चिल्ला एलिवेटेड रोड से मयूर विहार फ्लाईओवर से महामाया फ्लाईओवर तक सीधी कनेक्टिविटी मिलेगी। यह मयूर विहार और पूर्वी दिल्ली से आने वाले वाहनों को सीधा नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे तक पहुंचाएगी। उन्हें भीड़ भाड़ वाले रास्तों से नहीं गुजरना पड़ेगा। इससे यमुना एक्सप्रेसवे और लखनऊ की ओर जाने वाले यात्रियों को भी सुविधा होगी। साथ ही जेवर में बनने वाले नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा तक आना जाना भी आसान होगा।
892 करोड़ की लागत से हो रहा निर्माण
बता दें कि दिल्ली नोएडा को आपस में जोड़ने वाले 892 करोड़ की लागत से चिल्ला एलिवेटेड रोड का निर्माण किया जा रहा है। निर्माण उत्तर प्रदेश राज्य सेतु निगम की ओर से कराया जा रहा है, मॉनिटरिंग व खर्च नोएडा प्राधिकरण की ओर से की जा रही है।
मार्च-2024 में जारी हुए टेंडर में निर्माण एजेंसी का चयन सेतु निगम ने किया था। निर्माण लागत को लेकर शासन की 50 प्रतिशत हिस्सेदारी पर छह जून 2023 को हुई कैबिनेट ने मंजूरी दी थी। एलिवेटेड रोड का निर्माण 787 करोड़ रुपये की लागत से होगा।
सीएम योगी ने 25 जनवरी 2019 को किया था शिलान्यास
निर्माण कराने का सेंटेज चार्ज उत्तर प्रदेश सेतु निगम को दिया जाएगा। इसमें आधी राशि यूपी सरकार देगी जबकि शेष राशि प्राधिकरण वहन करेगा। चिल्ला एलिवेटेड रोड परियोजना 2017 के पहले की है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 25 जनवरी 2019 को इसका शिलान्यास किया था।
जून 2020 से इसका काम शुरू हुआ। तब परियोजना की लागत 650 करोड़ रुपये अनुमानित थी। तब 380 से ज्यादा पाइलिंग हुई थीं। एक पिलर में 12 से 22 तक पाइलिंग होती हैं। पाइलिंग को ऊपर मिलाकर पाइल कैप बनता है जिस पर फिर पिलर खड़े किए जाते हैं। इसके बाद अनुबंध के तहत 50 प्रतिशत राशि शासन से नहीं मिलने के कारण नवंबर 2021 में काम बंद हो गया था।
काम शुरू करने के लिए प्राधिकरण की तरफ से करीब 70 करोड़ रुपये धनराशि भी लगा दी गई थी। इसके बाद परियोजना को कैबिनेट से मंजूरी जून-2023 में मिली। फिर दो बार टेंडर कर दूसरे टेंडर में सेतु निगम ने एजेंसी का चयन कर मार्च में काम शुरू करवाया था।
चिल्ला एलिवेटेड रोड की नई डिजाइन जिसको मंजूरी मिली है वह अभी प्राधिकरण में दाखिल हो चुका है। छह लेन की सड़क 269 पिलरों पर बनाई जाएगी। वाहनों के चढ़ने और उतरने के लिए छह रैंप बनाए जाएंगे।
चिल्ला एलिवेटेड रोड निर्माण की स्थिति
वर्ग कुल संख्या हो चुकी बाकी
पाइल
1468
1061
407
पाइल कैप
269
110
159
पिलर निर्माण की स्थिति
वर्ग : निमार्ण पूरा : निर्माणाधीन
पिलर : 25 : 50
मयूर विहार, सेक्टर 14, सेक्टर-94 को जोड़ते हुए नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे से जुड़कर दिल्ली-एनसीआर, यमुना एक्सप्रेसवे और नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के बीच कनेक्टिविटी बढ़ाएगी। इसमें करीब 892 करोड़ रुपए की लागत आ रही है और यह दिसंबर 2027 तक पूरा होने का लक्ष्य है। हालांकि रफ्तार तेज है, अबतक 35 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। समय से पहले वाहन फर्राटा भर सकते है।
-
-विजय कुमार रावल, उपमहाप्रबंधक (सिविल), नोएडा प्राधिकरण |
|