आर्केस्ट्रा अड्डों से 16 नाबालिग लड़कियां मुक्त
जागरण संवाददाता, छपरा। सारण जिले में नाबालिग लड़कियों के शोषण के खिलाफ चल रही मुहिम के तहत गुरुवार को सारण पुलिस और रेस्क्यू टीम ने कार्रवाई करते हुए आर्केस्ट्रा संचालकों के अड्डों पर संयुक्त छापेमारी की।
इस दौरान रिविलगंज,कोपा थाना क्षेत्र समेत अन्य थाना इलाकों से 16 नाबालिग लड़कियों को मुक्त कराया गया।मुक्त कराई गई लड़कियां असाम एवं पश्चिम बंगाल की रहने वाली हैं। इस दौरान पुलिस ने आर्केस्ट्रा से जुड़े सात कर्मियों को गिरफ्तार किया है।
नाबालिग लड़कियों को जबरन आर्केस्ट्रा में नृत्य करने को मजबूर
वरीय पुलिस अधीक्षक विनीत कुमार मानवाधिकार आयोग के सदस्य प्रियंक कानूनगो के पत्र के आलोक में तथा जिले में चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत यह कार्रवाई की। छापेमारी के दौरान यह सामने आया कि नाबालिग लड़कियों को जबरन आर्केस्ट्रा में नृत्य करने के लिए मजबूर किया जा रहा था और उनके साथ शारीरिक एवं मानसिक प्रताड़ना की जा रही थी।
मुक्त कराई गई लड़कियों का पहले चिकित्सीय परीक्षण कराया जाएगा, इसके बाद उन्हें बालिका गृह भेजा जाएगा। साथ ही उनके स्वजनों से संपर्क कर सुरक्षित रूप से घर भेजने की प्रक्रिया भी शुरू की गई है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, आर्केस्ट्रा में काम कराने के नाम पर लड़कियों का शोषण लंबे समय से एक गंभीर समस्या बनी हुई है।
317 नाबालिग लड़कियों को मुक्त कराया जा चुका है
एसएसपी ने बताया कि मई 2024 से अब तक जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में चलाए गए अभियानों के दौरान कुल 317 नाबालिग लड़कियों को मुक्त कराया जा चुका है, जिनमें पड़ोसी देश नेपाल की लड़कियां भी शामिल हैं।
इस अवधि में 39 मामले दर्ज कर 105 आरोपित को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजा गया है।इस मामले में महिला थाना में प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
जांच में जुटी पुलिस
महिला थानाध्यक्ष नेहा कुमारी ने बताया कि मुक्त कराई गई लड़कियों की पहचान की जा रही है और यह भी पता लगाया जा रहा है कि वे यहां कैसे पहुंची। इस मामले में महिला थाना में प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
छापेमारी दल में महिला थानाध्यक्ष नेहा कुमारी,रिविलगंज,कोपा थानाध्यक्ष, मिशन मुक्ति फाउंडेशन, रेस्क्यू फाउंडेशन (दिल्ली), नारायणी सेवा संस्थान सारण, रेस्क्यू एंड रिलीफ फाउंडेशन (पश्चिम बंगाल) सहित अन्य थानों की पुलिस टीम शामिल थी। |
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