विवि के भौतिक विज्ञान विभाग में आयोजित था व्याख्यान। जागरण
जागरण संवाददाता, गोरखपुर। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के भौतिकी विभाग में बुधवार को आयोजित विशेष व्याख्यान के दौरान उस समय विवाद खड़ा हो गया, जब अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) ने मुख्य वक्ता के विरोध में हंगामा शुरू कर दिया। स्थिति बिगड़ने पर आयोजकों को कार्यक्रम बीच में ही बंद करना पड़ा। इसके बाद परिषद ने न केवल कार्यक्रम, बल्कि आयोजकों पर भी सवाल खड़े किए।
भौतिकी विभाग की ओर से कास्मोलाजी (ब्रह्मांड विज्ञान) विषय पर आयोजित इस व्याख्यान में मुख्य वक्ता के रूप में प्रसिद्ध विज्ञान संप्रेषक प्रो.शिबेश कुमार जस पैसिफ को आमंत्रित किया गया था। बताया गया कि कार्यक्रम की शुरुआत शांतिपूर्वक हुई, लेकिन जैसे ही मुख्य वक्ता ने संबोधन प्रारंभ किया, अभाविप कार्यकर्ताओं ने आपत्ति जताते हुए नारेबाजी शुरू कर दी।
हंगामे के कारण सभागार में अफरा-तफरी मच गई और अंततः व्याख्यान स्थगित करना पड़ा। कार्यक्रम बंद होने के बाद विद्यार्थी परिषद के पदाधिकारी वहां से निकले। इस बीच आयोजक मुख्य वक्ता के साथ रहे।
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एबीवीपी के इकाई मंत्री अरविंद मिश्रा का कहना है कि मुख्य वक्ता के खिलाफ पूर्व में आपत्तियां दर्ज कराई गई थीं। ओडिशा में भी कुछ संगठनों द्वारा उन पर सवाल उठाए गए थे। इसके बावजूद उन्हें आमंत्रित किया गया, इसलिए संगठन ने विरोध किया। परिषद का आरोप है कि विश्वविद्यालय के कुछ प्रोफेसरों और अन्य हिंदूवादी संगठनों ने भी वक्ता के आगमन पर आपत्ति जताई थी। -
-अरविंद मिश्रा, इकाई मंत्री, अभाविप
मुख्य वक्ता किसी भी प्रकार से विवादित नहीं हैं। वक्ता को आमंत्रित करने से पहले ओडिशा में स्थानीय खुफिया इकाई (एलआइयू) से जांच कराई गई थी, जिसमें उनके खिलाफ कोई मामला सामने नहीं आया। वे भौतिकी विषय के जानकार हैं और इसी कारण उन्हें आमंत्रित किया गया था। संगठन की तरफ से पूर्व में कोई भी शिकायत नहीं की गई थी। -
-प्रो.पूनम टंडन, कुलपति, गोवि |